स्वच्छ सर्वेक्षण 2024: स्मार्ट शहरों में तीसरे स्थान पर फिसला मुजफ्फरपुर, राष्ट्रीय रैंकिंग में सुधार

Swachh Survekshan 2024: स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 के परिणामों में बिहार के चार स्मार्ट शहरों ने उल्लेखनीय सुधार किया है. गयाजी ने राष्ट्रीय स्तर पर 27वां और राज्य स्तर पर दूसरा स्थान हासिल किया, जबकि मुजफ्फरपुर की राष्ट्रीय रैंकिंग में सुधार हुआ.

Swachh Survekshan 2024: पहली बार रिड्यूस, रीयूज, रीसाइकिल थीम पर आधारित स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 के परिणाम गुरुवार को घोषित कर दिये गये हैं. राजधानी पटना को छोड़कर बिहार के चार प्रमुख स्मार्ट शहरों मुजफ्फरपुर, गयाजी, भागलपुर और बिहार शरीफ की इस बार राष्ट्रीय स्तर पर रैंकिंग में काफी सुधार हुआ है. इन चारों शहरों में गयाजी ने सबसे अच्छा प्रदर्शन किया है, जिसने राष्ट्रीय स्तर पर प्रभावशाली 27 वां स्थान और राज्य स्तर पर दूसरा स्थान हासिल किया है. इसके बाद भागलपुर है, जिसे राष्ट्रीय स्तर पर 64 वां स्थान और राज्य स्तर पर तीसरा स्थान मिला है.

मुजफ्फरपुर इन चारों शहरों में तीसरे पायदान पर फिसल गया है, इसे राष्ट्रीय स्तर पर 78 वां स्थान और राज्य स्तर पर 09वां स्थान मिला है. राज्य रैंकिंग में गिरावट के बावजूद, मुजफ्फरपुर का राष्ट्रीय प्रदर्शन पिछले वर्षों की तुलना में काफी बेहतर है; 2023 में इसकी राष्ट्रीय रैंक 388 थी. यह उल्लेखनीय है कि 2023 में मुजफ्फरपुर राजधानी पटना के बाद बिहार में दूसरे नंबर का शहर था. वहीं, स्मार्ट सिटी बिहारशरीफ को राष्ट्रीय स्तर पर 80वां स्थान और राज्य स्तर पर 11वां स्थान मिला है.

किस वर्ष कितना था मुजफ्फरपुर की रैंकिंग

वर्ष 2017 – 304

वर्ष 2018 – 348

वर्ष 2019 – 387

वर्ष 2020 – 299

वर्ष 2021 – 250

वर्ष 2022 – 247

वर्ष 2023 – 388

संसाधनों में वृद्धि के बावजूद राज्य रैंकिंग में गिरावट पर उठे सवाल

सफाई से जुड़े संसाधनों की बात करें तो पिछले पांच-सात सालों की तुलना में काफी बढ़ोतरी हुई है. पिछले कई सालों में रैकिंग में तेजी से सुधार हुआ था. लेकिन, इस बार अचानक राज्य स्तरीय रैंकिंग में मुजफ्फरपुर का पिछड़ना निगम की कार्यशैली पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है. अत्याधुनिक मशीन से लेकर डेढ़ हजार से अधिक सफाई कर्मी प्रतिदिन काम करते हैं.

साल में 50 करोड़ रुपये से अधिक की खर्च होती है. बावजूद, पिछले छह सालों की तुलना में काफी खराब रैंकिंग आया है. इससे कई तरह के सवाल उठने शुरू हो गये हैं. सफाई व्यवस्था की मॉनिटरिंग में जुटे अधिकारियों की कार्यशैली पर सबसे ज्यादा सवाल उठ रहा है.

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ओडीएफ प्लस का मिला रेंटिंग, कचरा मुक्त नहीं है अपना शहर

स्वच्छता सर्वेक्षण की रिपोर्ट के अनुसार, मुजफ्फरपुर नगर निगम को ओडीएफ प्लस रेटिंग मिला है. कचरा मुक्त शहर के लिए शून्य स्टार मिला है. जबकि, गयाजी नगर निगम को ओडीएफ रेटिंग और कचरा मुक्त शहर के लिए 3 स्टार रेटिंग प्राप्त हुई है. यह पहली बार है जब बिहार का कोई शहर 10 लाख की श्रेणी में शीर्ष 50 में गयाजी शामिल हुआ है. साथ ही, गयाजी ने राज्य में स्रोत पृथक्करण और अपशिष्ट प्रसंस्करण के क्षेत्र में भी पहला स्थान प्राप्त किया है.

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Author: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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