Muzaffarpur : आमदनी बढ़ाने के लिए वैज्ञानिक तरीके से खेती करने की जरूरत

Muzaffarpur : आमदनी बढ़ाने के लिए वैज्ञानिक तरीके से खेती करने की जरूरत

प्रतिनिधि, मुरौल तिरहुत कृषि महाविद्यालय, ढोली में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद पादप जैव प्रौद्योगिकी संस्थान (नयी दिल्ली) के तत्वावधान में अनुसूचित जाति उप परियोजना द्वारा प्रशिक्षण सह किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया़ अध्यक्षता तिरहुत कृषि महाविद्यालय ढोली के डीन डाॅ. पीपी सिंह ने की़ उन्होंने कहा कि आज वैज्ञानिक तरीके से खेती करने की जरूरत है, तभी हम अधिक आमदनी कृषि के माध्यम से प्राप्त कर सकते है़ं आज जो भी ज्ञान प्राप्त हो, उसे अपने खेतों तक ले जाने का हरसंभव प्रयास करे़ं वहीं भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान परिषद के प्रधान वैज्ञानिक डाॅ. जगदीश सिंह पदारिया ने कहा कि हम लोगों का काम प्रयोगशाला में होता है़ हम लोग चाहते हैं कि ऐसा बीज विकसित हो, जो बदलते जलवायु को बर्दाश्त कर सके़ हम लोगों को कृषि को व्यवसाय की तरह करने की जरूरत है, तभी हम कम लागत में अधिक आमदनी प्राप्त कर सकते है़ं उन्होंने कहा कि महिलाओं को कृषि क्षेत्र में आने की जरूरत है़ इसमें खुद भी आएं और बच्चों में भी कृषि क्षेत्र में रुचि पैदा करे़ं समारोह को संस्थान के प्रधान वैज्ञानिक सुबोध कुमार सिन्हा, प्रधान वैज्ञानिक डाॅ. मोनिका दलाल, वैज्ञानिक डाॅ. राम अवतार नागर ने संबोधित किया़ स्वागत भाषण मुख्य अनुवांशिक एवं पादप प्रजनन वैज्ञानिक डाॅ. राजेश कुमार ने स्वागत भाषण करते हुए कहा कि जलवायु परिवर्तन के परिवेश के अनुकूल प्रभेद एवं तकनीकी का विकास किया जा रहा है़ हमें उस प्रभेद को किसानों के खेतों तक ले जाने की जरूरत है़ मौके पर डाॅ. एके पासवान, हेमचंद्र चौधरी, डाॅ. संजय सिंह, सुरक्षा पदाधिकारी श्रृष्टि चौधरी, डाॅ. राजेन्द्र प्रसाद, डाॅ. मो नौशाद अंसारी आदि ने संबोधित किया़

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Published by: Abhay kumar

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