शहर के 120 से अधिक अपराधियों पर सीसीए थ्री व दो हजार से अधिक संदिग्धों पर 107 की तैयारी

Preparations are on for CCA 3 on more than 120 criminals

चुनाव से पहले अपराधियों पर नकेल कसने के लिए पुलिस का विशेष अभियान

मुख्य बातें

शहर के 120 से अधिक कुख्यात अपराधियों पर सीसीए थ्री के तहत कार्रवाई की तैयारी.

2000 से ज्यादा संदिग्ध और असामाजिक तत्वों की पहचान कर 107 की कार्रवाई होगी.

सिटी एसपी ने सभी थानेदारों को निगरानी बढ़ाने और अपराधियों पर कड़ी नजर रखने का निर्देश दिया.

संवाददाता, मुजफ्फरपुर

आगामी विधानसभा चुनाव को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराने के लिए जिला पुलिस ने तैयारी तेज कर दी है. इसी कड़ी में अपराधियों और असामाजिक तत्वों पर नकेल कसने के लिए एक विशेष अभियान चलाया जा रहा है. सिटी एसपी कोटा किरण कुमार ने सभी थानेदारों को कार्रवाई में तेजी लाने का कड़ा निर्देश दिया है. इस अभियान के शहर के 120 से अधिक कुख्यात और आदतन अपराधियों पर सीसीए (क्राइम कंट्रोल एक्ट) थ्री के तहत कार्रवाई की तैयारी चल रही है. आने वाले दिनों में इसकी संख्या और ज्यादा बढ़ेगी . इन अपराधियों को चिन्हित कर सूची बनाई जा रही है ताकि चुनाव के दौरान वे किसी भी तरह की गड़बड़ी न कर सकें. थानेदार प्रस्ताव तैयार करके एसएसपी कार्यालय भेजेंगे. वहां से जिलाधिकारी के पास प्रस्ताव भेजा जाएगा. पुलिस का मानना है कि सीसीए थ्री के तहत कार्रवाई से इन अपराधियों की गतिविधियों पर लगाम लगेगी और वे समाज में अशांति फैलाने में नाकाम होंगे. इसके अलावा, पुलिस ने शहर के दो हजार से अधिक संदिग्ध आचरण वाले व्यक्ति व असामाजिक तत्वों की भी पहचान की है, जिन पर 107 के तहत कार्रवाई की जाएगी. धारा 107 के तहत ऐसे लोगों से शांति बनाए रखने के लिए बॉन्ड भरवाया जाता है. यह कदम चुनाव के दौरान संभावित झड़पों और विवादों को रोकने के लिए उठाया गया है. सिटी एसपी ने बताया कि यह अभियान सिर्फ चुनाव तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसका उद्देश्य शहर में कानून-व्यवस्था को स्थायी रूप से बेहतर बनाना है. सभी थानों को अपने-अपने क्षेत्र में अपराधियों और संदिग्धों की निगरानी बढ़ाने और उनकी गतिविधियों पर कड़ी नजर रखने का निर्देश दिया गया है. पुलिस का यह विशेष अभियान आने वाले दिनों में और भी तेज होगा, ताकि चुनाव से पहले ही शहर का माहौल शांत और सुरक्षित हो सके.

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शस्त्र जांच में उदासीन सरकारी कर्मियों से परेशान पुलिस, चुनाव से पहले सख्ती

मुख्य बातें

जिले से बाहर तबादला हुए सरकारी कर्मचारी आर्म्स वेरिफिकेशन में रुचि नहीं दिखा रहे.

पुलिस लगातार फोन करके याद दिला रही, लेकिन कई लोग हथियार जमा करने या असमर्थता जता रहे.

एसएसपी ने चेतावनी दी कि जांच नहीं कराने वालों का लाइसेंस कैंसिल कर आगे कार्रवाई होगी.

संवाददाता, मुजफ्फरपुर

विधानसभा चुनाव की तैयारी को लेकर जिले में मंगलवार से सभी थानों में शस्त्रों के सत्यापन का अभियान चलाया जा रहा है. हालांकि, इस प्रक्रिया में उन सरकारी कर्मियों को लेकर एक बड़ी चुनौती सामने आ रही है, जिनका तबादला जिले से हो चुका है. वे अपने आर्म्स की जांच कराने में कोई दिलचस्पी नहीं दिखा रहे हैं.पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, ऐसे सरकारी कर्मचारियों की संख्या काफी है जो जिले से बाहर जा चुके हैं. लेकिन, उनका लाइसेंस का नंबर जिले के शस्त्र पंजी में रजिस्टर्ड है. संबंधित थानेदार डीएम कार्यालय से मिले लाइसेंसधारियों के नाम के आधार पर उन्हें फोन करके शस्त्रों के सत्यापन के लिए याद दिला रहे हैं, लेकिन उनकी तरफ से संतोषजनक प्रतिक्रिया नहीं मिल रही है. कुछ लोग यात्रा करने में असमर्थता जता रहे हैं, तो कुछ ने यह कहकर टाल रहे है कि वे अपने हथियार जमा करा देंगे. नगर थाने की पुलिस ने मंगलवार को 110 से अधिक लाइसेंस धारकों को कॉल करके आर्म्स का सत्यापन थाने आकर कराने को कहा है. नगर थाने पर सोमवार को एक दर्जन से अधिक लाइसेंस धारक पहुंच कर अपने आर्म्स का सत्यापन कराया है. एसएसपी सुशील कुमार ने बताया कि विधान सभा चुनाव की तैयारी को लेकर पहले दो चरण में जिले में आर्म्स का वेरिफिकेशन कराया गया है. जो लोग बचे हुए हैं, उनके लिए मंगलवार से शस्त्र जांच जिले के सभी थानों पर शुरू हुआ है. एसएसपी ने जिले वासियों से अनुरोध किया है, कि जो लोग अपने शस्त्र की जांच अब तक नहीं करवाये हैं, वह तुरंत करवा ले. नहीं तो उनका लाइसेंस कैंसिल करते हुए आगे की कार्रवाई की जाएगी. एसएसपी ने इसके अलावा बताया कि जिले के सभी थानों में आदतन व कुख्यात अपराधियों पर सीसीए थ्री की कार्रवाई की जा रही है. वहीं, जेल से छूटे अपराधियों पर निगरानी के लिए उनका नाम गुंडा पंजी में दर्ज करके उनको थाने पर हाजिरी लगाया जा रहा है. जिन अपराधियों पर पहले से सीसीए थ्री, थाना व जिला बदल करने का प्रस्ताव जारी है, लेकिन, वह अपने संबंधित थाने में जाकर हाजिरी नहीं लगा रहे हैं, उनके खिलाफ वारंट निर्गत करने को डीएम को प्रस्ताव भेजा गया है. इसके अलावा थाने में लंबित कुर्की वारंट के निष्पादन को लेकर भी विशेष अभियान चलाया जा रहा है.

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Author: CHANDAN

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