Muzaffarpur News: मुजफ्फरपुर जिले की अहियापुर थाना पुलिस को साइबर और एटीएम फ्रॉड के खिलाफ एक बड़ी सफलता हाथ लगी है. एटीएम बदलकर धोखाधड़ी और ठगी करने वाले एक अंतरजिला गिरोह का पर्दाफाश करते हुए पुलिस ने शातिर अपराधी को दबोच लिया है. गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान औराई थाना क्षेत्र के निवासी और वर्तमान में अहियापुर में रह रहे सनी बाबा उर्फ ऋशु के रूप में हुई है. पुलिस ने उसके पास से विभिन्न बैंकों के कुल 69 एटीएम कार्ड, 6 एटीएम जैसे दिखने वाले प्लास्टिक कार्ड और एक मोबाइल फोन बरामद किया है. नगर डीएसपी टू विनीता सिन्हा ने इस पूरी कार्रवाई की विस्तृत जानकारी दी.
गुप्त सूचना पर हुई गिरफ्तारी
नगर डीएसपी टू विनीता सिन्हा ने बताया कि 8 अगस्त 2026 को अहियापुर पुलिस को गुप्त सूचना प्राप्त हुई थी कि एटीएम बदलकर धोखाधड़ी करने वाले गिरोह के कुछ अपराधी क्षेत्र में सक्रिय हैं. सूचना के आधार पर वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार एक विशेष टीम गठित की गई. टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अहियापुर थाना क्षेत्र के इंदिरा नर्सिंग होम के पास छापेमारी की और आरोपी सनी बाबा को दबोच लिया.
मदद के नाम पर करते थे ठगी
प्रेस वार्ता में डीएसपी ने बताया कि इस गिरोह में करीब 10 से 15 लोग शामिल हैं. ये शातिर अपराधी एटीएम बूथों के पास आम ग्राहक बनकर खड़े रहते थे. जब भी कोई सीधा-साधा व्यक्ति पैसे निकालने आता था, तो ये मदद करने के बहाने चुपके से उसका एटीएम पिन देख लेते थे. इसके बाद पलक झपकते ही मूल एटीएम कार्ड को अपने पास मौजूद फर्जी कार्ड से बदल देते थे. ग्राहक के चले जाने के बाद ये खातों से बड़ी रकम उड़ा लेते थे.
दर्जनों मामलों में संलिप्तता और आगे की कार्रवाई
पूछताछ में सामने आया है कि विभिन्न थानों में इस गिरोह के खिलाफ दो दर्जन से अधिक मामले दर्ज हैं. गिरफ्तार आरोपी सनी बाबा का पूर्व से भी आपराधिक इतिहास रहा है और वह पहले भी एटीएम हेराफेरी के आरोप में 58 कार्ड के साथ जेल जा चुका है. डीएसपी टू विनीता सिन्हा ने स्पष्ट किया कि यह गिरोह पप्पू साहनी और सुमित साहनी जैसे शातिर अपराधियों के नेतृत्व में संचालित हो रहा था. गिरोह के अन्य सदस्यों और मास्टरमाइंड की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है.
