Patna Deepfake Extortion: पटना के एक बड़े होटल व्यवसायी को अपने हुस्न, मीठी बातों और हाई-टेक डिजिटल फ्रॉड के जाल में फंसाकर 97 लाख रुपये का चूना लगाने वाले शातिर 'बंटी-बबली' की तलाश में पुलिस अब दर-दर की खाक छान रही है. शुरुआत में हसीना ने बेहद सादगी से नौकरी मांगने के बहाने होटल मालिक से संपर्क साधा. फिर होटल में काम करते-करते अपनी खूबसूरती और चतुर चालों से उनसे नजदीकियां व गहरी दोस्ती गांठ ली. इसके बाद शुरू हुआ साइबर क्राइम का खतरनाक खेल. लड़की ने अपने शातिर प्रेमी की मदद से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और 'डीपफेक' टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल कर बिजनेसमैन की बेहद आपत्तिजनक व अश्लील तस्वीरें तैयार कर लीं. इन तस्वीरों को सोशल मीडिया पर वायरल करने और परिवार को झूठे केस में फंसाने की धमकी देकर 1.5 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी गई. बदनामी के खौफ में आकर पीड़ित से 97 लाख रुपये ऐंठ भी लिए गए. अब पुलिस इस हाई-टेक ब्लैकमेलिंग गिरोह के मास्टरमाइंड अभिषेक कुमार. अदिति राज और उनके साथी पंकज शर्मा को दबोचने के लिए लगातार छापेमारी कर रही है.
दो किस्तों में थमाए 97 लाख रुपये, बैग में लगाया था ट्रैकर
लोक-लाज और बदनामी के खौफ में पीड़ित व्यवसायी ने 12 जुलाई को ही आरोपी अदिति को 15 लाख रुपये कैश दिए. इसके अगले दिन 13 जुलाई को उन्होंने करीबियों से कर्ज लेकर 72 लाख रुपये एक गुलाबी ट्रॉली बैग में और 10 लाख रुपये जूट के पिट्ठू बैग में भरकर यानी कुल 82 लाख रुपये और सौंप दिए. हालांकि, बिजनेसमैन ने सूझबूझ दिखाते हुए रुपयों की गड्डी के बीच जीपीएस ट्रैकर छिपा दिया था.
छापेमारी से 20 लाख बरामद, मुख्य आरोपी अभी भी फरार
15 जुलाई को जब आरोपी रकम लेकर मुजफ्फरपुर पहुंचे. तो ट्रैकर की लोकेशन मिलते ही अहियापुर पुलिस को सूचना दी गई. पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए रसलपुर गांव में आरोपी अभिषेक के घर पर छापेमारी कर जूट के बैग से 20 लाख रुपये बरामद कर लिए. हालांकि, 72 लाख रुपये भरा गुलाबी बैग और मुख्य आरोपी अदिति राज व अभिषेक अभी भी फरार हैं. अहियापुर थानेदार शरत कुमार ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी जारी है.
