Bihar STF और पुलिस की टीम की संयुक्त कार्रवाई में बड़ी संख्या में हथियार बरामद, शातिरों से चल रही पूछताछ

Bihar STF: बिहार एसटीएफ की ओर से जारी की गयी प्रेस विज्ञप्ति में मुन्ना राय को गिरोह का सरगना व आर्म्स तस्कर बताया गया है. उसके द्वारा ही सभी लोगों को फर्जी आर्म्स लाइसेंस व हथियार मुहैया कराए जाने की बात कही गयी है.

Bihar STF, मुजफ्फरपुर: फर्जी आर्म्स लाइसेंस बनाकर शहर के बड़े व्यवसायी के यहां बॉडीगार्ड की नौकरी करने वाले चार अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है. बिहार एसटीएफ व जिला पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में तीनों को सदर व ब्रह्मपुरा थाना क्षेत्र से दबोचा गया है. पकड़े गए बदमाशों की पहचान भोजपुर जिला के बहोरनपुर थाना के टिकापुर निवासी मुन्ना राय, भोजपुर के ही रघुनाथपुर थाना के आलोक कुमार मिश्रा , रोहतास जिला के कछवां थाना के मंगराव निवासी धनंजय चौबे और गया जिला के आतीं थाना के पिंटू शर्मा उर्फ मुकेश के रूप में किया गया है. इनके पास से 0.32 बोर का तीन रेगुलर पिस्टल, बारह बोर का एक डीबीएल बंदूक, 52 जिंदा कारतूस, मैगजीन छह, फर्जी आर्म्स लाइसेंस चार, फर्जी बीएसएफ का पहचान पत्र एक व चार मोबाइल फोन बरामद किया गया है.

पूछताछ जारी

चारों से पूछताछ करने के बाद बिहार एसटीएफ की टीम ने चारों को सदर व ब्रह्मपुरा पुलिस के हवाले कर दिया है. मुन्ना राय व धनंजय चौबे से सदर थाने पर पूछताछ की जा रही है. वहीं, आलोक कुमार मिश्रा व पिंटु शर्मा उर्फ मुकेश से ब्रह्मपुरा पुलिस जानकारी जुटा रही है. मामले को लेकर दोनों थाने में शुक्रवार देर शाम तक अलग- अलग प्राथमिकी दर्ज करने की कवायद जारी थी. बिहार एसटीएफ की ओर से जारी की गयी प्रेस विज्ञप्ति में मुन्ना राय को गिरोह का सरगना व आर्म्स तस्कर बताया गया है. उसके द्वारा ही सभी लोगों को फर्जी आर्म्स लाइसेंस व हथियार मुहैया कराए जाने की बात कही गयी है. इस संदर्भ में पटना के एसके पुरी थाना और मुजफ्फरपुर जिले के सदर व ब्रह्मपुरा थाने में प्राथमिकी दर्ज कराये जाने की जानकारी एसटीएफ की ओर से दी गयी है.

प्राथमिकी दर्ज

सदर थानेदार अस्मित कुमार ने बताया कि गुप्त सूचना मिली थी कि एक चार पहिया वाहन एजेंसी के मालिक का दो बॉडीगार्ड के पास फर्जी आर्म्स लाइसेंस है. दोनों को पूछताछ के लिए थाने पर बुलाया गया. उनके आर्म्स के लाइसेंस की जांच की गयी तो फर्जी पाया गया. इसके बाद रोहतास के धनंजय चौबे व भोजपुर जिला के मुन्ना राय को गिरफ्तार कर लिया गया है. उनके आर्म्स को जब्त कर लिया गया है. मामले में प्राथमिकी दर्ज करके आगे की कार्रवाई की जा रही है.

इधर, ब्रह्मपुरा थानेदार सुभाष मुखिया ने बताया कि उनके थाना क्षेत्र में फर्जी आर्म्स लाइसेंस की सूचना पर दो लोगों को पूछताछ के लिए थाने पर लायी गयी थी. इसमें एक का आर्म्स लाइसेंस जांच में सही पाया गया है. वहीं, दूसरे का फर्जी पाया गया तो उसको गिरफ्तार कर लिया गया है. उसके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की जा रही है.

पहले भी दूसरे राज्य के आर्म्स लाइसेंस के साथ पकड़े जा चुके हैं गार्ड

जिले में पूर्व में नागालैंड, जम्मू कश्मीर , असम, मणिपुर आदि पूर्वोत्तर राज्यों से जारी आर्म्स लाइसेंस के खिलाफ पूर्व में भी कार्रवाई की जा चुकी है. 2018 से 2022 के बीच में आधा दर्जन से अधिक लोगों को इन राज्यों का आर्म्स लाइसेंस के साथ गिरफ्तार किया गया था. उनका हथियार व लाइसेंस भी जब्त किया गया था. इसमें मनियारी टोल प्लाजा का एक गार्ड, सदर के कच्ची- पक्की इलाके का एक व्यवसायी, दो बॉडीगार्ड आदि शामिल था.

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Author: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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