Aaj Ka Darshan: रविवार 14 जून को बाबा गरीबनाथ मंदिर भक्तिमय माहौल में डूबा रहा. सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ मंदिर पहुंचने लगी. जय बाबा गरीबनाथ के उद्घोष, शंखनाद और मंत्रोच्चार से पूरा मंदिर परिसर गूंज उठा. बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक कर भगवान शिव का आशीर्वाद प्राप्त किया.
पंचामृत स्नान के बाद हुआ विशेष शृंगार
मंदिर में सुबह पांच बजे पूजा-अर्चना की शुरुआत हुई. सेवइत परिवार के पंडित बच्चा पाठक ने बाबा की षोड्शोपचार विधि से पूजा की. सबसे पहले बाबा को दूध, दही, घी, शक्कर और गंगाजल से स्नान कराया गया. इसके बाद गेंदा, गुलाब, बेला और बेलपत्र से विशेष शृंगार किया गया.
मंगला आरती में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़
विशेष शृंगार के बाद अग्नि प्रज्वलित कर बाबा की मंगला आरती की गई. इस दौरान मंदिर परिसर मंत्रोच्चार और शंखध्वनि से गुंजायमान रहा. आरती के दौरान मौजूद श्रद्धालुओं ने बाबा के दिव्य स्वरूप का दर्शन किया.
जलाभिषेक और सत्यनारायण पूजा का रहा विशेष महत्व
सुबह से ही जलाभिषेक करने वालों की लंबी कतार लगी रही. दूर-दराज के गांवों से पहुंचे श्रद्धालु बाल्टी में जल, दूध, केला पत्ता और पूजन सामग्री लेकर मंदिर पहुंचे. कई परिवारों ने पुरोहितों के मार्गदर्शन में सत्यनारायण भगवान की पूजा भी कराई.
दोपहर और शाम की पूजा का कार्यक्रम
मंदिर प्रबंधन के अनुसार दोपहर ढाई बजे प्रधान पुजारी पंडित विनय पाठक विशेष पूजा और आरती करेंगे. इसके बाद गर्भगृह का पट बंद कर दिया जाएगा. शाम चार बजे पुनः पट खोला जाएगा, जिसके बाद श्रद्धालु दर्शन और पूजा कर सकेंगे.
रात्रि साढ़े नौ बजे प्रधान आरती का आयोजन होगा. पंडित विनय पाठक और पंडित बैजू पाठक द्वारा पूजा संपन्न कराए जाने के बाद गर्भगृह का पट बंद कर दिया जाएगा.
एक नजर में
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| मंदिर | बाबा गरीबनाथ मंदिर |
| तिथि | 14 जून 2026 |
| विशेष आयोजन | जलाभिषेक एवं मंगला आरती |
| सुबह पूजा | 5 बजे |
| दोपहर आरती | 2:30 बजे |
| शाम पट खुलेगा | 4 बजे |
| प्रधान आरती | रात 9:30 बजे |
मुख्य बातें
- सुबह पांच बजे से पूजा-अर्चना की शुरुआत हुई.
- पंचामृत स्नान के बाद बाबा का विशेष शृंगार किया गया.
- जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी.
- जय बाबा गरीबनाथ के उद्घोष से मंदिर परिसर गूंजता रहा.
- रात साढ़े नौ बजे प्रधान आरती के बाद गर्भगृह बंद होगा.
