इलाजरत कैदी की मौत की जांच रिपोर्ट तैयार

सेंट्रल जेल में बंद बेदमिया देवी की इलाज के क्रम में एसकेएमसीएच में हुई थी मौतमानवाधिकार आयोग ने सीएस को जांच टीम बना कर दिया था जांच का निर्देशटीम ने सीएस को सौंपी रिपोर्ट, मौत के लिए केंद्रीय कारा प्रशासन व डॉक्टर दोषी नहींवरीय संवाददाता, मुजफ्फरपुरएसकेएमसीएच में इलाजरत कैदी की मौत की जांच रिपोर्ट भेजने […]

By Prabhat Khabar Digital Desk |

सेंट्रल जेल में बंद बेदमिया देवी की इलाज के क्रम में एसकेएमसीएच में हुई थी मौतमानवाधिकार आयोग ने सीएस को जांच टीम बना कर दिया था जांच का निर्देशटीम ने सीएस को सौंपी रिपोर्ट, मौत के लिए केंद्रीय कारा प्रशासन व डॉक्टर दोषी नहींवरीय संवाददाता, मुजफ्फरपुरएसकेएमसीएच में इलाजरत कैदी की मौत की जांच रिपोर्ट भेजने की स्वास्थ्य विभाग ने तैयारी कर ली है. समस्तीपुर जेल से रेफर होकर रामजपन राय की पत्नी बदमिया देवी शहीद खुदीराम बोस कारा में आयी थी. बीमार पड़ने पर उसका एसकेएमसीएच में इलाज हुआ था. लेकिन इलाज के दौरान ही 10 अक्टूबर 2013 को उसकी मौत हो गयी थी. उसकी मौत पर मानवाधिकार आयोग ने डॉक्टरों की टीम बना कर जांच का आदेश दिया था. जांच के लिए सिविल सर्जन डॉ ज्ञान भूषण, एसकेएमसीएच के सर्जन डॉ एचएन भारद्वाज, फिजिशियन डॉ मोहन मिश्रा व डॉ ज्ञानेंदु शेखर की टीम गठित की गयी थी. टीम ने जांच रिपोर्ट में कहा है कि बेदमिया देवी माचू कार्डियल स्कीमिया से पीडि़त थी. उसका इलाज सेंट्रल जेल के अस्पताल में हुआ था. वहां उसकी हालत में सुधार नहीं होने पर उसे एसकेएमसीएच भेजा गया जहां भरती कर उसका इलाज किया गया. लेकिन इलाज के बाद भी उसे बचाया नहीं जा सका. टीम ने महिला कैदी की मौत के लिए जेल प्रशासन व एसकेएमसीएच के डॉक्टरों को जिम्मेवार नहीं माना है.

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