समय का सदुपयोग ही सफलता की कुंजी

सरस्वती विद्या मंदिर, पुरानीगंज के सभागार में शुक्रवार को नवीन शैक्षणिक सत्र 2026-27 का शुभारंभ वैदिक परंपरा के अनुसार हवन-पूजन व आरती के साथ किया गया.

विद्या मंदिर में हवन-पूजन के साथ नए शैक्षणिक सत्र का हुआ शुभारंभ मुंगेर. सरस्वती विद्या मंदिर, पुरानीगंज के सभागार में शुक्रवार को नवीन शैक्षणिक सत्र 2026-27 का शुभारंभ वैदिक परंपरा के अनुसार हवन-पूजन व आरती के साथ किया गया. कार्यक्रम की शुरूआत भगवान श्री सत्यनारायण के पूजन, मां सरस्वती की आराधना तथा वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ हुई. आचार्य रमाकांत त्रिवेदी व गोपाल कृष्ण के मार्गदर्शन में विधिवत हवन-पूजन संपन्न कराया गया. जहां डॉ. काशीनाथ मिश्र व रंजना मिश्रा ने भगवान श्री सत्यनारायण का पूजन किया. बच्चों व आचार्यों ने सामूहिक रूप से आहुति अर्पित की. कार्यक्रम का शुभारंभ प्रधानाचार्य संजय कुमार सिंह, उप प्रधानाचार्य अमन कुमार सिंह, बालिका खंड की प्रभारी प्रधानाचार्या राखी कुमारी व प्राथमिक खंड की प्रभारी प्रधानाचार्या सुजीता कुमारी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया. प्रधानाचार्य ने कहा कि विद्यालय का उद्देश्य केवल भैया-बहनों को शैक्षणिक रूप से सक्षम बनाना नहीं, बल्कि उन्हें आदर्श व संस्कारवान नागरिक के रूप में विकसित करना है. जो समाज और राष्ट्र के उत्थान में सक्रिय भूमिका निभा सकें. उन्होंने कहा कि वर्तमान प्रतिस्पर्धात्मक युग में केवल पुस्तक ज्ञान पर्याप्त नहीं है, बल्कि व्यावहारिक ज्ञान, कौशल विकास और नैतिक मूल्यों का समावेश भी अत्यंत आवश्यक है. उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि वह अपनी छिपी हुई प्रतिभाओं को पहचानें और उन्हें निखारने का सतत प्रयास करें. समय का सदुपयोग ही सफलता की कुंजी है. नियमित अध्ययन, अनुशासन तथा निरंतर अभ्यास से ही लक्ष्य की प्राप्ति संभव है. कार्यक्रम के अंत में सभी को प्रसाद वितरण किया गया.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By AMIT JHA

AMIT JHA is a contributor at Prabhat Khabar.

Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >