Motihari: विभिन्न बैंकी की 250 सीएसपी संचालित कर रही है ग्रामीण जीविका दीदियां

जिले में 2500 जीविका ग्राम संगठनों से जुड़कर करीब ढाई सौ जीविका दीदियां ग्रामीण क्षेत्रों में सीएसपी संचालित कर प्रत्येक माह 25 से 30 हजार रुपये कमा रही है.

Motihari:गिरीश चन्द्र मिश्र,मोतिहारी. जिले में 2500 जीविका ग्राम संगठनों से जुड़कर करीब ढाई सौ जीविका दीदियां ग्रामीण क्षेत्रों में सीएसपी संचालित कर प्रत्येक माह 25 से 30 हजार रुपये कमा रही है, जिससे वह आर्थिक रूप से काफी सबल बन रही है. उनलोगों द्वारा जिले में विभिन्न बैंकों के ग्राहक सेवा का संचालन किया जा रहा है. जीविका परियोजना द्वारा जिले के सभी प्रमुख बैंकों से समन्वय स्थापित कर जिले के सभी प्रखंडों में पंचायत स्तर तक जीविका समूह से जुड़ी सक्षम दीदीयों को ग्राहक सेवा केंद्र खोलने हेतु आमंत्रित किया गया. चयनित जीविका दीदीयों को विभिन्न बैंकों से समन्वय स्थापित कर सीएचपी के संचालन के लाइसेंस निर्गत किया. वर्तमान में जिले के सभी 27 प्रखंडों में जीविका दीदियों द्वारा सार्वजनिक क्षेत्र के बिहार ग्रामीण बैंक एवं निजी क्षेत्र के बैंकों का कुल 172 ग्राहक सेवा केंद्र का संचालन किया जा रहा है. इन सभी ग्राहक सेवा केंद्रों में औसतन 77.4 करोड़ रुपये का लेन-देन किया जा रहा है. इनमें मधुबन प्रखंड रागिनी कुमारी, रक्सौल प्रखंड के पुष्पांजलि कुमारी, तेतरिया प्रखंड के आरती कुमारी के नाम शामिल है.

टॉप पर है फेनहारा का सीएसपी

– फेनहारा प्रखंड के संगीता कुमारी जो महिने में करीब डेढ़ से दो करोड़ का ट्रांजेक्शन करती है, जो करीब महिनें में 25 से 30 हजार रुपया की आमदनी कर पाती है, जिससे उनका परिवार आर्थिक रूप से सशक्त होने के साथ अपने गांव और पंचायत के लोगों को बैंकिंग सेवा देकर अपनी अलग पहचान बना रही है.

– सदर प्रखंड के गाढ़वा के रंजना कुमारी द्वारा प्रत्येक माह एक करोड़ दो लाख से अधिक का ट्रांसजेक्शन किया जा रहा है. यह अपने पंचायत के लोगों को बैंकिंग सेवा प्रदान कर अपने को गौरवान्वित महसूस कर रही है.

जीविका दीदियों द्वारा संचालित ग्राहक सेवा केंद्र

सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया-38बैंक ऑफ बड़ौदा- 3पंजाब नेशनल बैंक-8ग्रामीण बैंक-35केनरा बैंक-1निजी क्षेत्र के बैंक-87

क्या कहते हैं अधिकारी

जीविका दीदियों को बैंकिंग सेवा की जरूरत और आर्थिक स्वावलंबन हेतु जीविका और जिले के विभिन्न बैंकों के समन्वयन से जिले में ग्राहक सेवा केंद्र की स्थापना में जीविका दीदियों की सहभागिता ग्रामीण स्तर पर बैंकिंग सेवा को बढ़ावा देता है. साथ ही जीविकोपार्जन को नये आयात की ओर अग्रसर है.

गणेश पासवान, जिला परियोजना प्रबंधक, जीविका मोतिहारीलोगों को बचत खाता खोलने, पैसाें क जमा-निकासी सहित अन्य सेवाओं के लिए लोगों को दूर जाना पड़ता था, लेकिन जीविका दीदियों ने मिलकर लोगाें को सुगम बैंकिंग सेवा प्रदान कर रही है.

राजू कुमार पासवान, सूक्ष्म वित्त प्रबंधक

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Satendra prasad sat

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >