Human Trafficking Operation: मोतिहारी पुलिस ने मानव तस्करी और बाल संरक्षण के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि हासिल की है. एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (AHTU) को 'ऑपरेशन 3.0' के तहत ऑर्केस्ट्रा और अन्य अवैध गतिविधियों में फंसी नाबालिग बच्चियों के सफल रेस्क्यू अभियान के लिए पूरे बिहार में दूसरा स्थान मिला है.
विश्व मानव व्यापार निषेध दिवस के अवसर पर पटना में आयोजित राज्यस्तरीय कार्यक्रम में मोतिहारी पुलिस को इस उत्कृष्ट कार्य के लिए सम्मानित किया गया.
पटना में मिला राज्यस्तरीय सम्मान
पटना स्थित सरदार पटेल भवन के सभागार में आयोजित कार्यक्रम में अपर पुलिस महानिदेशक (कमजोर वर्ग) सुहिता अनुपम ने एसपी स्वर्ण प्रभात, एएचटीयू प्रभारी सर्वेंद्र कुमार सिन्हा और दारोगा नवल किशोर को संयुक्त रूप से प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया.
यह सम्मान मानव तस्करी के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई और सफल रेस्क्यू अभियान के लिए दिया गया.
क्या था 'ऑपरेशन 3.0' का उद्देश्य?
'ऑपरेशन 3.0' का उद्देश्य ऑर्केस्ट्रा और अन्य अवैध गतिविधियों में फंसी नाबालिग बच्चियों को तस्करों के चंगुल से मुक्त कराना, उन्हें सुरक्षित उनके परिजनों तक पहुंचाना तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करना था.
अभियान के दौरान मोतिहारी एएचटीयू टीम ने कई सफल रेस्क्यू ऑपरेशन को अंजाम दिया, जिसके आधार पर जिले को यह उपलब्धि मिली.
एसपी ने टीम को दिया सफलता का श्रेय
इस सम्मान पर जिले के पुलिस महकमे में खुशी का माहौल है.
एसपी स्वर्ण प्रभात ने इस सफलता का श्रेय एएचटीयू टीम की सतर्कता, समर्पण और कार्यकुशलता को दिया. उन्होंने कहा कि मोतिहारी पुलिस महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और भविष्य में भी मानव तस्करी के खिलाफ इसी तरह सख्त अभियान जारी रहेगा.
