पूर्वी चंपारण के 42 गांवों की बदलेगी तस्वीर, पीएम-अजय योजना के तहत बनेंगे आदर्श ग्राम

पूर्वी चंपारण के 16 प्रखंडों की 37 पंचायतों के 42 गांवों को प्रधानमंत्री अनुसूचित जाति अभ्युदय योजना (PM-AJAY) के तहत आदर्श ग्राम के रूप में विकसित किया जाएगा. इस योजना का मुख्य उद्देश्य इन गांवों में शिक्षा, स्वास्थ्य, आधारभूत सुविधाओं और आजीविका के अवसरों को बेहतर बनाना है.

PM AJAY Scheme: प्रधानमंत्री अनुसूचित जाति अभ्युदय योजना (PM-AJAY) के तहत पूर्वी चंपारण जिले के 16 प्रखंडों की 37 पंचायतों के 42 गांवों को आदर्श ग्राम के रूप में विकसित किया जाएगा. जिला कल्याण विभाग ने इन गांवों के समग्र विकास की रूपरेखा तैयार कर ली है और योजना के क्रियान्वयन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है.

डीएम सौरभ सुमन यादव के निर्देश पर जिला कल्याण पदाधिकारी संतोष कुमार पांडेय योजना से जुड़ी सभी प्रक्रियाओं को आगे बढ़ा रहे हैं.

शिक्षा, स्वास्थ्य और आधारभूत सुविधाओं पर रहेगा फोकस

योजना का उद्देश्य चयनित गांवों में सड़क, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता, आजीविका और अन्य आधारभूत सुविधाओं का विकास कर उन्हें मॉडल गांव के रूप में विकसित करना है.

इसके लिए 10 प्रमुख डोमेन और 50 मॉनिटर योग्य सूचकांक (Monitorable Indicators) निर्धारित किए गए हैं. इनकी नियमित समीक्षा डीएम की अध्यक्षता वाली समिति करेगी.

इन प्रखंडों के गांव हुए चयनित

योजना के तहत आदापुर, बनकटवा, चकिया, ढाका, हरसिद्धि, कल्याणपुर, कोटवा, मेहसी, मोतिहारी, पहाड़पुर, पताही, पिपराकोठी, रामगढ़वा, सुगौली, तेतरिया और तुरकौलिया प्रखंडों के कुल 42 गांव चयनित किए गए हैं.

प्रमुख चयनित गांव

प्रखंडचयनित गांव
आदापुरहिरा छपरा, कानूनिया
बनकटवाकुदरकट, पीपरा, श्रीपुर
चकियासहरी जगीराहां, खैरीमल, बरियरिया, कुंडिया, मठ गरीब
ढाकागोआबारी-रूपौलिया खुर्द
हरसिद्धिअहिर गांव, दनही, पररिया, कृतपुर टोला इंग्लिश, अराजी ननकार
कल्याणपुरकमरचक, तेंदुआ, बाली बेलवा, दैनी मठ
कोटवाजगीराहां, सरैया, विष्णुपुर ननकार
मेहसीसेमरा, धोथरा, मझौलिया, माधोपुर केशव
मोतिहारीपैतरहवा
पहाड़पुरगोवर्द्धनपुर, सोनवल, खैरवा चौबे
पताहीननफरवा
पिपराकोठीझखरा
रामगढ़वामिश्रौलिया
सुगौलीपरशुरामपुर, परसौना
तेतरियाखैरवा, बहुआरा रामनारायण सिंह
तुरकौलियाबेलाही, बहरूपिया

आदर्श ग्राम बनाने के लिए होगी समग्र योजना

जिला प्रशासन के अनुसार चयनित गांवों में केवल आधारभूत ढांचा ही नहीं, बल्कि सामाजिक और आर्थिक विकास पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा. शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाएं, रोजगार के अवसर और ग्रामीण जीवन स्तर को बेहतर बनाने के लिए विभिन्न विभागों के साथ समन्वय कर योजनाओं को लागू किया जाएगा.

जिला कल्याण विभाग का कहना है कि योजना का लक्ष्य अनुसूचित जाति बहुल गांवों में विकास की गति तेज करना और उन्हें आत्मनिर्भर एवं सुविधासंपन्न आदर्श ग्राम के रूप में विकसित करना है.

यह भी पढ़ें: पहले शादी का झांसा, फिर कोर्ट मैरिज... अब 5 लाख दहेज नहीं देने पर घर से निकालने का आरोप


प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Intejarul haq

Published by: Aaruni Thakur

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >