Madhubani News: मधुबनी जिले के बेनीपट्टी अनुमंडल पदाधिकारी (एसडीएम) के कार्यालय प्रकोष्ठ में शनिवार को अनुमंडल स्तरीय निगरानी सह अनुश्रवण समिति की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई. एसडीएम शारंग पाणि पांडेय की अध्यक्षता में हुई इस उच्चस्तरीय बैठक में मुख्य रूप से क्षेत्र में एलपीजी (रसोई गैस) वितरण प्रणाली में बड़े पैमाने पर की जा रही गड़बड़ी, कालाबाजारी और उपभोक्ताओं के उत्पीड़न का मुद्दा पूरी तरह छाया रहा. बैठक में जनप्रतिनिधियों और समिति के सदस्यों ने विभिन्न गैस एजेंसियों की मनमानी के खिलाफ सबूतों के साथ आवाज उठाई, जिस पर कड़ा संज्ञान लेते हुए एसडीएम ने दोषी संचालकों को सख्त चेतावनी जारी की.
ई-केवाईसी के नाम पर 500 रुपये वसूलने का आरोप
बैठक के दौरान समिति के सदस्यों ने राजनंदनी गैस एजेंसी के क्रियाकलापों और तानाशाही रवैये पर बेहद गंभीर सवाल खड़े किए. सदस्यों ने साक्ष्यों के साथ शिकायत की कि:
- अवैध वसूली: उक्त गैस एजेंसी द्वारा सरकार के नियमों को ताक पर रखकर ई-केवाईसी (e-KYC) करने के नाम पर गरीब उपभोक्ताओं से ₹500 की अवैध वसूली की जा रही है.
- जबरन पाइप बेचना: गैस सुरक्षा पाइप बदलने के नाम पर भी ग्राहकों से अतिरिक्त रुपयों की मांग की जा रही है.
- अभद्र व्यवहार: जब आम उपभोक्ता इसका विरोध करते हैं, तो एजेंसी कर्मियों और संचालक द्वारा उनके साथ बेहद अभद्र और अमर्यादित व्यवहार किया जाता है.
इस गंभीर शिकायत पर बिफरते हुए एसडीएम शारंग पाणि पांडेय ने राजनंदनी गैस एजेंसी के संचालक को पूरी बैठक के सामने कड़ी फटकार लगाई. उन्होंने दो टूक लहजे में चेतावनी दी कि सरकारी प्रावधानों के अनुरूप ही गैस का पारदर्शी वितरण करें, अन्यथा एजेंसी का लाइसेंस रद्द करते हुए कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी. इसके बाद सहमे संचालक ने समिति को आश्वस्त किया कि भविष्य में ऐसी शिकायत दोबारा नहीं मिलेगी.
होम डिलीवरी सुनिश्चित करने के आदेश
बैठक में इंडेन गैस एजेंसी त्योंथ के संचालक उदय कुमार समेत अनुमंडल की अन्य एजेंसियों की कार्यप्रणाली पर भी उंगली उठी. सदस्यों ने आरोप लगाया कि कई डीलर ग्राहकों द्वारा बुकिंग किए जाने के बाद उनके हिस्से का गैस सिलेंडर चोरी-छिपे किसी दूसरे रसूखदार व्यक्ति या व्यावसायिक प्रतिष्ठान को डिलीवर कर देते हैं.
इस डिजिटल हेरफेर को गंभीरता से लेते हुए एसडीएम ने सभी गैस एजेंसी संचालकों को कड़े प्रशासनिक निर्देश दिए कि हर हाल में उपभोक्ताओं को ‘होम डिलीवरी’ के माध्यम से ही रसोई गैस की आपूर्ति सुनिश्चित की जाए. सदस्यों ने यह भी मांग उठाई कि स्थानीय जनप्रतिनिधियों या अनुश्रवण समिति के सदस्यों की अनुशंसा पर शादी-विवाह और श्राद्ध जैसे पारिवारिक आयोजनों के लिए प्राथमिकता के आधार पर बिना सिक्योरिटी मनी के आपातकालीन सिलेंडर मुहैया कराए जाएं, क्योंकि अक्सर समय पर सिलेंडर न मिलने से लोगों को परेशानी होती है.
सायन गैस एजेंसी का लाइसेंस पाली में, पर दफ्तर खोलने से कतरा रहे संचालक
बैठक में गैस वितरण के भौगोलिक पेंच को उठाते हुए सदस्य बचनू मंडल ने सायन गैस एजेंसी का मुद्दा उठाया. उन्होंने बताया कि इस एजेंसी का आधिकारिक लाइसेंस पाली गांव के नाम पर जारी किया गया है, लेकिन बार-बार प्रशासनिक निर्देशों के बावजूद संचालक द्वारा पाली गांव में अपना कार्यालय (ऑफिस) नहीं खोला जा रहा है, जिससे स्थानीय ग्रामीणों को मीलों दूर भटकना पड़ता है.
वहीं, सदस्य आनंद कुमार झा ने प्रशासनिक आदेश के बाद भी शादी-ब्याह के लिए गैस न मिलने की बात कही, जिस पर संचालकों ने स्टॉक की उपलब्धता के आधार पर त्वरित वितरण का भरोसा दिया.
पेट्रोल की शुद्धता और गोदामों में अनाज के वजन की होगी सघन जांच
रसोई गैस के अलावा बैठक में पेट्रोल पंपों और जन वितरण प्रणाली (PDS) में धांधली की शिकायतें भी गूंजीं:
- पेट्रोल में मिलावट: समिति के सदस्य विजय यादव ने मिल्लत चौक (बिस्फी) स्थित ‘हमारा पेट्रोल पंप’ के खिलाफ गंभीर शिकायत दर्ज कराई. उन्होंने आरोप लगाया कि यहाँ बेचे जा रहे पेट्रोल और डीजल की गुणवत्ता (शुद्धता) में भारी हेरफेर है और मात्रा (माप) भी कम दी जा रही है. एसडीएम ने संबंधित एमओ को इस पंप की औचक जांच कर डेंसिटी चेक करने के आदेश दिए.
- अनाज की तौल: बैठक में मौजूद सदस्य प्रेमशंकर राय, अल्का झा और सुजीत कुमार झा ने पुरजोर मांग की कि सरकारी गोदामों से राशन डीलरों (PDS दुकानदारों) को अनाज की खेप हमेशा कड़ाई से वजन (तौल) करके ही दी जाए, ताकि डीलर उपभोक्ताओं को पूरा राशन दे सकें.
- सीएमआर गोदाम: सदस्य विष्णुदेव यादव ने बेनीपट्टी और बिस्फी प्रखंड में सीएमआर (CMR) गोदाम के निर्माण हेतु जल्द से जल्द उपयुक्त सरकारी जमीन उपलब्ध कराने का आग्रह किया ताकि खाद्यान्न भंडारण की स्थानीय समस्याओं का स्थायी निराकरण हो सके.
इस हाई-प्रोफाइल बैठक में जिला आपूर्ति कार्यालय से एडीएसओ राज कुमार झा, बेनीपट्टी के सहायक गोदाम प्रबंधक आफताब आलम, प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी (एमओ) रोहित रंजन झा सहित अनुमंडल के सभी प्रखंडों के एजीएम (AGM), एमओ और भारी संख्या में जन प्रतिनिधि व अधिकारी मौजूद रहे.
मधुबनी बेनीपट्टी से धनंजय कुमार धीरज की रिपोर्ट
