Madhubani Waterlogging: जिला मुख्यालय में मंगलवार सुबह हुई बारिश के बाद शहर के कई प्रमुख इलाकों में जलजमाव की स्थिति बन गई. कोर्ट कैंपस, आदर्श नगर, शनिचरी स्थान, मालकचहरी रोड, संतू नगर और बीएन झा कॉलोनी सहित कई स्थानों पर पानी भर जाने से राहगीरों और वाहन चालकों को काफी परेशानी हुई. हालांकि दोपहर तक अधिकांश स्थानों से पानी धीरे-धीरे निकल गया.
जल निकासी बाधित होने से बढ़ी मुश्किलें
सुबह के समय जलजमाव के कारण लोगों को आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा. स्थानीय लोगों के अनुसार, नालियों में कचरा जमा होने से पानी की निकासी प्रभावित हुई, जिससे कई सड़कों पर पानी भर गया.
सफाई कर्मियों की हड़ताल का दिखा असर
आउटसोर्सिंग सफाई कर्मियों की हड़ताल मंगलवार को छठे दिन भी जारी रही. हड़ताल के कारण शहर में 600 टन से अधिक कचरा जमा होने की बात कही गई है. नालियों में कचरा फंसने से जल निकासी बाधित हुई और बारिश के दौरान कचरा सड़कों पर बहने लगा, जिससे स्थिति और खराब हो गई.
दुर्गंध और मच्छरों का बढ़ सकता है प्रकोप
बारिश में भीग चुके कचरे के कारण आने वाले दिनों में दुर्गंध फैलने और मक्खी-मच्छरों का प्रकोप बढ़ने की आशंका जताई जा रही है. इससे लोगों के स्वास्थ्य पर भी असर पड़ सकता है.
आउटसोर्सिंग व्यवस्था समाप्त करने की मांग
हड़ताली कर्मचारियों ने नगर निकायों में लागू ठेका और आउटसोर्सिंग व्यवस्था समाप्त करने की मांग दोहराई. उनका कहना है कि जब तक यह व्यवस्था समाप्त नहीं होती, तब तक कर्मचारियों का वेतन सीधे नगर निकाय के माध्यम से उनके बैंक खातों में भेजा जाए. साथ ही समान कार्य के लिए समान वेतन और अन्य सेवा लाभ भी दिए जाएं.
मांगें पूरी होने तक जारी रहेगा आंदोलन
कर्मचारी नेताओं ने कहा कि जब तक सरकार उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लेती, तब तक अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी रहेगी. उनका कहना है कि लंबे समय से मांगों के बावजूद कोई ठोस पहल नहीं होने के कारण नगर निगम, नगर परिषद और नगर पंचायतों के कर्मचारी आंदोलन करने को मजबूर हुए हैं.
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