मधुबनी : सीएए, एनपीआर, एनआरसी व प्रमोशन में आरक्षण खत्म करने के विरोध में भीम आर्मी के आह्वान पर विभिन्न संगठनों ने शहर के स्टेशन चौक व समाहरणालय के सामने मधुबनी-सकरी मुख्य मार्ग को जामकर प्रदर्शन किया. इससे वाहनों का आवागमन ठप हो गया. बंद समर्थकों ने केंद्र के खिलाफ जमकर नारेबाजी की.
लोग सीएए को वापस लेने की मांग कर रहे थे. आरक्षण बचाने एवं सीएए, एनआरसी, एनपीआर को हटाने की मांग को लेकर भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं ने बंद को सफल बनाने के लिए दुकान व बाजार बंद कराने की भी कोशिश की. छात्र संघर्ष समिति, छात्र राजद, युवा राजद व परिसंघ ने समर्थन दिया.
बंद का नेतृत्व भीम आर्मी प्रदेश महासचिव संजय पासवान, जिलाध्यक्ष पंकज पासवान, छात्र संघर्ष समिति अध्यक्ष संतोष यादव, छात्र राजद जिला अध्यक्ष विपिन यादव एवं परिसंघ जिला अध्यक्ष बलराम पासवान ने संयुक्त रूप से किया. बंद को सफल बनाने के लिए आंबेडकर छात्रावास पर सुबह ही हजारों लोग जमा होकर प्रदर्शन किया. बंद समर्थक मीना बाजार, चाभच्चा चौक, शंकर चौक, तिलक चौक होते हुए स्टेशन चौराहा पहुंच चौराहे को जाम कर दिया. जाम स्थल पर सभा की अध्यक्षता भीम आर्मी के जिलाध्यक्ष पंकज पासवान ने किया. छात्र संघर्ष समिति अध्यक्ष संतोष यादव ने कहा कि देश में मोदी सरकार भारतीय संविधान को छेड़छाड़ कर एससी, एसटी, ओबीसी, माइनॉरिटी के अधिकार में कटौती कर रही है.
मोदी सरकार एक खास वर्ग एवं चुनिंदा अमीर लोगों के लिए काम कर रही है. युवा रोजगार के लिए भटक रहे हैं. महंगाई चरम पर पहुंच गई है. भारत बंद में मुख्य रूप से छात्र राजद के पूर्व जिलाध्यक्ष ब्रह्मदेव यादव, युवा राजद उपाध्यक्ष बैजू यादव, विजय शंकर पासवान, आरके कॉलेज छात्रसंघ अध्यक्ष राहुल पासवान, जेएन कॉलेज छात्रसंघ अध्यक्ष राजा यादव, गंगाधर पासवान, विनय विक्रांत, देवनारायण राम, बुद्ध प्रकाश, प्रदीप पासवान, सुनील पासवान, विजय यादव, चंदन यादव, पप्पू यादव, मणिशंकर यादव, मुलायम सिंह सोनू सिंह, दीपक पासवान, आलोक देवराज, मोहम्मद नसरुद्दीन, मो. इकबाल बादशाह खान, पदमा कांत यादव, मुकेश यादव, किसन बारी सहित दर्जनों लोगों शामिल थे. समाहरणालय के सामने प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व राजद नेता असलम अंसारी, जाप नेता मजहर कमाल, संजय यादव, मुंशी समीर रहमान, परवेज हसन दानिस, तुल्ला खान, अवधेश कुमार तिवारी, तारा बाबू, उमेश कुमार राम, फैजान आरिफ, शंभु सिंह, आकिल आदि शामिल थे. अशद रशीद, राशिद अंसारी ने किया.
