एक सप्ताह से अधिक बीत जाने के बावजूद सरकारी जमीन से नहीं हटा अतिक्रमण

सरकारी जमीन पर जबरन घर बना लिया है.

ग्वालपाड़ा टेमाभेला पंचायत के पड़ोकिया गांव में तीन लोगों ने सरकारी जमीन पर कब्जा जमा लिया है. इस जमीन पर आंगनवाड़ी भवन के लिए एनओसी प्राप्त है. एक सप्ताह से अधिक समय बीत गया है. लेकिन अब तक अतिक्रमण नहीं हटाया गया है. पंचायत के मुखिया विजय कुमार विमल ने ग्वालपाड़ा सीओ देवकृष्ण कामती और अरार थाना को आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की थी. मुखिया ने बताया कि गांव के तीन हरिजन परिवार को पहले से एक-एक बीघा निजी जमीन है. मकान भी है. इसके अलावा तीन-तीन डिसमिल सरकारी जमीन भी इन्हें मिली है. फिर भी इन लोगों ने सरकारी जमीन पर जबरन घर बना लिया है. सीओ से इस जमीन पर आंगनवाड़ी भवन निर्माण के लिए पूर्व में ही आंगनबाड़ी निर्माण के लिए एनओसी दी गई है. एक सप्ताह पहले मुखिया ने सीओ और थाना अरार को आवेदन देकर बताया था कि ये तीनों लोग एक माह से सरकारी जमीन पर कब्जा किए हुए हैं. उन्होंने मांग की थी कि अतिक्रमण हटाया जाए ताकि आंगनवाड़ी भवन का निर्माण शुरू हो सके. आवेदन के बाद अरार थाना से पुलिस बल एक बार पहुंची. पुलिस ने अतिक्रमण हटाने को कहा, लेकिन आरोपियों ने घर नहीं हटाया. उल्टा घर का मुआवजा दिए जाने की बात करने लगे. घर पर जलावन रख दिया, चूल्हा जला दिया, चारों ओर टाटी का घेरा बना दिया और साग-सब्जी उगाने लगे. जब मुखिया विजय कुमार विमल, वार्ड संख्या आठ के सदस्य मुकेश पासवान और पंच सुरेंद्र दास ने उन्हें रोका तो तीनों ने दुर्व्यवहार किया और धमकी दी. कहा कि वे सरकार की जमीन पर कब्जा कर चुके हैं और कोई उन्हें नहीं हटा सकता. कोई भी पदाधिकारी आए, वे घर नहीं हटाएंगे. मुखिया ने सीओ से तुरंत कार्रवाई की मांग की है. सीओ देवकृष्ण कामती ने कहा कि आवेदन पर जांच चल रही है. सरकारी जमीन पर कब्जा करना गंभीर अपराध है. आरोपियों पर कार्रवाई किए जाने की बात कही.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Kumar ashish

कुमार आशीष 15 वर्षों से प्रभात खबर समूह के साथ पत्रकारिता जगत में सक्रिय हैं. दिल्ली विश्वविद्यालय से स्नातक और भारतीय विद्या भवन, नई दिल्ली से जनसंचार में डिग्री प्राप्त करने के बाद इन्होंने राजनीति, अपराध और कोसी अंचल की रिपोर्टिंग में अपनी एक विशिष्ट पहचान बनाई है. डिजिटल प्लेटफॉर्म पर पिछले पांच वर्षों से सक्रिय हैं. पत्रकारिता में उत्कृष्ट योगदान के लिए इन्हें नेपाल में 'अंतरराष्ट्रीय मैथिली युवा पत्रकारिता सम्मान' से नवाजा जा चुका है.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >