शहर में बिना लाइसेंस नहीं नहीं बेच पाएंगे मीट-मछली
शहर के अधिकांश मीट-मछली की दुकानें बिना लाइसेंस के संचालित हो रही हैं. शहर के एक नहीं, बल्कि आधा दर्जन स्थानों पर मीट, मुर्गा व मछली की बिक्री हो रही है. अधिकांश स्थानों पर बिना लाइसेंस के ही दुकान संचालित हो रही है
By Rajeev Murarai Sinha Sinha | Updated at :
खुले में मीट-मछली बेचने पर नगर प्रशासन सख्त, कार्रवाई के लिए टीम गठित
लखीसराय.
शहर के अधिकांश मीट-मछली की दुकानें बिना लाइसेंस के संचालित हो रही हैं. शहर के एक नहीं, बल्कि आधा दर्जन स्थानों पर मीट, मुर्गा व मछली की बिक्री हो रही है. अधिकांश स्थानों पर बिना लाइसेंस के ही दुकान संचालित हो रही है. इसको नगर विकास व आवास विभाग के आला अधिकारियों ने गंभीरता से लिया है. शहर में बिना लाइसेंस के मीट मछली व जानवरों को मार कर खुले आम प्रदर्शित करना नियम का उल्लंघन है. शहर के विद्यापीठ चौक, बड़ी दरगाह के समीप, राजा बाबू मार्केट, नया बाजार मछरहट्टा, पंजाबी मोहल्ला सड़क व बाजार समिति के पास अधिकांश मीट मछली दुकान अवैध ढंग से संचालित हो रही है. नगर परिषद द्वारा अभी तक तकरीबन 10 दुकान को लाइसेंस निर्गत किया गया है, जबकि जिले में तीन दर्जन से अधिक मीट-मछली की दुकानों का संचालन खुलेआम किया जा रहा है. लाइसेंसधारी दुकानदार भी नगर परिषद 2007 के अधिनियम का पालन नहीं कर रहे हैं. उनके द्वारा मीट मछली खुले में बेचा जा रहा है. इसको लेकर नगर परिषद के कर्मियों ने कई बार अभियान चलाकर मीट मछली दुकानदार से दंड शुल्क भी वसूला है. इसके लिए नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी ने एक टीम का भी गठन किया. जिसका नोडल पदाधिकारी के रूप में स्वच्छता पदाधिकारी नीतीश कुमार सिंह को नियुक्त किया गया है. नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी प्रभात रंजन ने बताया कि मीट-मछली की दुकान को नगर परिषद अधिनियम के तहत शर्त मुताबिक लाइसेंस दिया जायेगा. इसके लिए नगर परिषद के कर्मियों को दिशा निर्देश दिया गया है.