Rape Case Verdict: किशनगंज में वर्ष 2023 के चर्चित दुष्कर्म मामले में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम सुरेश कुमार सिंह की अदालत ने शनिवार को अपना फैसला सुनाया. अदालत ने आरोपी मोहम्मद बारिक उर्फ बारिक आलम को भारतीय दंड संहिता की धारा 376 के तहत दोषी ठहराते हुए 12 वर्ष के सश्रम कारावास तथा 50 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनायी.
24 जून 2023 को हुई थी घटना
अभियोजन के अनुसार 24 जून 2023 को पीड़िता अपनी मां के साथ घर के उत्तर दिशा में शौच के लिए गई थी. इसी दौरान आरोपी उसे जबरन करीब एक किलोमीटर दूर स्थित एक चाय बागान में ले गया और उसकी इच्छा के विरुद्ध दुष्कर्म किया. घटना के बाद पीड़िता बेहोश हो गयी थी.
अस्पताल में कराया गया था भर्ती
होश आने के बाद स्थानीय लोगों और पीड़िता की मां की मदद से उसे सदर अस्पताल, किशनगंज में भर्ती कराया गया. इसके बाद पीड़िता के फर्द बयान के आधार पर 25 जून 2023 को किशनगंज महिला थाना में कांड संख्या 30/2023 दर्ज किया गया. मामले में भारतीय दंड संहिता की धारा 376 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई थी.
जांच के बाद दाखिल हुआ आरोप पत्र
पुलिस अनुसंधान पूरा होने के बाद 19 जनवरी 2024 को आरोपी के विरुद्ध आरोप पत्र न्यायालय में समर्पित किया गया. 21 फरवरी 2024 को अदालत ने आरोपी के विरुद्ध आरोप गठित किए. अभियोजन की ओर से अपर लोक अभियोजक सोरेन प्रसाद साहा ने सरकार का पक्ष रखा.
15 जुलाई को सुरक्षित रखा गया था फैसला
Rape Case Verdict: मामले की सुनवाई पूरी होने के बाद न्यायालय ने 15 जुलाई 2026 को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था. शनिवार को अदालत ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए 12 वर्ष के सश्रम कारावास और 50 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनायी.
