जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और मरीज-केंद्रित बनाने के उद्देश्य से जिला पदाधिकारी नवीन कुमार ने बुधवार को सदर अस्पताल का सघन निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने अस्पताल के विभिन्न विभागों का भ्रमण कर चिकित्सकीय व्यवस्था, संसाधनों की उपलब्धता, स्वच्छता और मरीजों को दी जा रही सुविधाओं की समीक्षा की. निरीक्षण में सिविल सर्जन डॉ. राज कुमार चौधरी, सदर अस्पताल के उपाधीक्षक सहित अन्य चिकित्सक एवं स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे.
अस्पताल की प्रमुख इकाइयों का किया निरीक्षण
जिला पदाधिकारी ने विशेष नवजात शिशु देखभाल इकाई (एसएनसीयू), डायलिसिस यूनिट, ब्लड बैंक, पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी), दीदी की रसोई, ओपीडी, विभिन्न वार्ड, दवा वितरण केंद्र, जांच प्रयोगशाला, औषधि भंडारण कक्ष सहित अस्पताल की अन्य इकाइयों का निरीक्षण किया. उन्होंने स्वच्छता, उपकरणों की कार्यशीलता, दवाओं की उपलब्धता और मरीजों को मिल रही सुविधाओं का बारीकी से जायजा लिया.
उपस्थिति, दवा वितरण और रिकॉर्ड की हुई समीक्षा
निरीक्षण के दौरान चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों की उपस्थिति, ड्यूटी रोस्टर, दवा वितरण व्यवस्था, जांच सेवाओं की उपलब्धता, औषधि भंडारण और रिकॉर्ड संधारण की समीक्षा की गई. डीएम ने निर्देश दिया कि सभी स्वास्थ्य सेवाएं निर्धारित मानकों के अनुरूप संचालित हों और प्रत्येक मरीज को समय पर उपचार उपलब्ध कराया जाए.
मरीजों से सीधे ली जानकारी
जिला पदाधिकारी विभिन्न वार्डों में पहुंचे और इलाजरत मरीजों व उनके परिजनों से बातचीत कर अस्पताल की व्यवस्थाओं का फीडबैक लिया. उन्होंने उपचार, दवा, जांच सुविधा, चिकित्सकों की नियमित विजिट, भोजन व्यवस्था और अस्पताल के वातावरण को लेकर जानकारी प्राप्त की. अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि मरीजों की शिकायतों का तत्काल समाधान सुनिश्चित किया जाए.
स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता से नहीं होगा समझौता
निरीक्षण के बाद डीएम नवीन कुमार ने कहा कि सरकारी अस्पताल आम जनता के विश्वास का केंद्र हैं. यहां आने वाले प्रत्येक मरीज को समय पर गुणवत्तापूर्ण उपचार, आवश्यक दवाएं और जांच सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है. उन्होंने कहा कि स्वच्छता, नियमित उपस्थिति, रिकॉर्ड संधारण और मरीजों के प्रति संवेदनशील व्यवहार पर विशेष ध्यान दिया जाए. स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा.
नियमित मॉनिटरिंग के दिए निर्देश
डीएम ने सिविल सर्जन और सदर अस्पताल के उपाधीक्षक को अस्पताल की प्रत्येक इकाई की नियमित मॉनिटरिंग करने, आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा मरीजों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होने देने के निर्देश दिए. साथ ही सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं की जानकारी अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने पर भी जोर दिया.
सिविल सर्जन ने दिए अनुपालन के निर्देश
सिविल सर्जन डॉ. राज कुमार चौधरी ने कहा कि जिला पदाधिकारी द्वारा दिए गए सभी निर्देशों का गंभीरता से पालन कराया जाएगा. अस्पताल की सभी इकाइयों की नियमित समीक्षा होगी और स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक प्रभावी तथा मरीज-केंद्रित बनाया जाएगा.
आम लोगों से की अपील
जिला पदाधिकारी ने नागरिकों से सरकारी अस्पतालों में उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं और विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की. उन्होंने कहा कि अस्पताल से संबंधित किसी भी शिकायत या सुझाव की जानकारी तत्काल अस्पताल प्रबंधन या स्वास्थ्य विभाग को दें, ताकि आवश्यक कार्रवाई की जा सके.
