किशनगंज. अनन्य विशेष न्यायाधीश पोक्सो अधिनियम दीप चंद पाण्डेय की अदालत ने सोमवार को पोक्सो अधिनियम सहित विभिन्न धाराओं में एक अहम फैसला सुनाया. विशेष न्यायाधीश पोक्सो अधिनियम दीप चंद पाण्डेय की अदालत ने बहादुरगंज प्रखंड अंतर्गत कोईमारी निवासी आरोपित तौहीद आलम को पोक्सो अधिनियम सहित अन्य धाराओं में सजा सुनायी है. अदालत ने आरोपित को पीड़िता के साथ दुष्कर्म करने का दोषी पाते हुए पोक्सो अधिनियम में आजीवन करावास की सजा सुनाई है. साथ ही अन्य धाराओं में सश्रम कारावास की सजा सुनायी है. अदालत ने 1 लाख 50 हजार रुपये अर्थदंड की सजा भी सुनायी. अर्थदंड की राशि का भुगतान पीड़िता को देय होगा. विशेष लोक अभियोजक पोक्सो अधिनियम मनीष कुमार साह ने अदालत में सजा की बिंदु पर जोरदार जिरह पेस की. साथ ही अनन्य विशेष न्यायाधीश पोक्सो अधिनियम दीप चंद पाण्डेय की अदालत के अथक प्रयासों से आरोपित को सजा सुनाई गई. मामले में महिला थाना में कांड संख्या 45/2022 व पोक्सो वाद संख्या 2/2023 में दर्ज कांड के तहत नाबालिग के साथ दुष्कर्म का मामला दर्ज करवाया गया था. इसी मामले में आरोपित के विरुद्ध अदालत में केस की सुनवायी चल रही थी. विशेष लोक अभियोजक पोक्सो अधिनियम मनीष कुमार साह ने सजा की बिंदु पर तथ्य प्रस्तुत किया. मामले में अनन्य विशेष न्यायाधीश पोक्सो अधिनियम दीप चंद पाण्डेय की अदालत के द्वारा आरोपित को उक्त अपराध का दोषी पाया गया. जिसके बाद आरोपित को सजा सुनायी गई. वहीं अदालत की ओर से सरकार को पीड़िता को 8 लाख रुपये देने का आदेश भी पारित किया गया है.
पोक्सो अधिनियम के तहत आरोपित को आजीवन कारावास की सजा
अदालत ने 1 लाख 50 हजार रुपये अर्थदंड की सजा भी सुनायी.
