लड़कियों को मिले उच्च स्तरीय तालीम
किशनगंज : महिलाओं की बेहतर शिक्षा के लिए तौहीद एडुकेशल ट्रस्ट के तहत चलाए जाने वाली शैक्षणिक संस्था जामिया आइशा अल इस्लामिया में महिलाओं की शिक्षा की महत्ता पर एक दिवसीय सेमीनार का आयोजन किया गया. इस सेमीनार में अमीर ए शरियत मौलाना वली रहमानी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित हुए. उनके अलावा सेमीनार में दर्जनों शिक्षाविद, सोशलिस्ट और सियास्तदां शामिल हुए.
इस मौके पर मौलाना वली रहमानी ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि आप खुशनसीब हैं कि आपको एक अच्छी संस्था में शिक्षा हासिल करने का मौका मिला है. इसमें कोई दो राय नहीं है कि शिक्षित और अशिक्षित एक समान नहीं हो सकते.
शिक्षा से आचरण पैदा होता है. आचरण से इंसान की पहचान बनती है. इस संस्था से आप तालीम (शिक्षा) के साथ साथ सही तरबीयत भी हासिल कर रहे हैं. मैं उम्मीद करता हूं यहां से तालीम और तरबीयत लेकर जब आप अपने घरों को लौटेंगी तो समाज और देश दोनों को आपसे लाभ पहुंचेगा. उन्होंने आगे कहा, शिक्षा का जो तोहफा आपको यहां से मिल रहा है उसे दिल व जान से कुबूल कीजिए और इससे दूसरों को लाभ पहुंचाए.
वहीं अल्पसंख्यक मंत्री अब्दुल गफूर ने कहा, पिछले दो दशक में शिक्षा के मामले में किशनगंज काफी आगे बढ़ा है, न सिर्फ बच्चे बल्कि अब बच्चियां भी खूब पढ़ रही हैं. इसमें कोई दो राय नहीं कि मुसलमानों की शैक्षणिक स्थिति पहले के मुकाबले काफी बेहतर हुई है. आज जरूरत इस बात की है कि हम बच्चों को साथ साथ अपनी बच्चियों को भी स्कूल भेजें. लड़कों की तरह लड़कियों का शिक्षित होना भी जरूरी है. एनसीपीयूएल डायरेक्टर इर्तजा करीम ने इस मौके पर बच्चियों के उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए कहा, बेटियों में वह सारे गुण होते हैं जो हम केवल बेटों में खोजते हैं. बेटियां आज किसी भी मैदान में बेटों से पीछे नहीं है. इसलिए हमें बेटे और बेटी में फर्क नहीं करना चाहिए. एक विकसित भारत निर्माण के लिए बेटे-बेटी दोनों को समान दर्जा देना होगा.
इस मौके पर तौहीद एडुकेशनल ट्रस्ट के चेयरमैन शेख मतीउरर्हमान मदनी ने ट्रस्ट के तहत चलाई जाने वाली शैक्षणिक संस्थाएं जैसे तौहीद इंस्टीट्यूट आफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नालाजी, अब्दुल मतीन सल्फी इन्टरनेश्नल स्कूल, जामिया आइशा अल इस्लामिया, जामियत उल ईमाम अल बुखारी आदि की कारगुजारी पेश की. महिलाओं की शिक्षा की महत्ता पर आयोजित इस सेमीनार में किशनगंज सांसद मौलाना असरारुल हक, पूर्व गवर्नर अख्लाकुरर्हमान किदवई के बेटे अनीसुरर्हमान किदवई, विधायक इजहार आलम, मो असलम अलीग, मिन्नत रहमानी, इरशाद आलम, तनवीर आलम आदि ने समाज और देश की उन्नति के लिए महिलाओं की शिक्षा पर जोर देने की हिमायत की.महिलाओं को कंप्यूटर शिक्षा से लैस करने के लिए शैक्षणिक संस्था जामिया आइशा अल इस्लामिया में पूर्व गर्वनर डाक्टर अख्लाकुरर्हमान किदवई के नाम से एक कम्प्यूटर सेंटर की स्थापना की गयी है.
