अवराेध. सैठाबाड़ी मदरसा से चिचुआबाड़ी जानेवाली सड़क पर टूटे कलवर्ट का निर्माण नहीं
किशनगंज : कुरगंज पीडब्लूडी मुख्यपथ स्थित सैठाबाड़ी मदरसा से चिचुआबाड़ी-इस्लामपुर सड़क को जोड़ने वाली डेढ़ किमी कच्ची सड़क पर बना वर्षों पुराना ह्यूम पाइप कलवर्ट गत दिनों आयी भीषण बाढ़ के चपेट में आने से टूट चुका है़ जिससे उक्त सड़क पर विगत एक माह से आवागमन बाधित है़
छत्तरगाछ :प्रखंड अंतर्गत किशनगंज-ठाकुरगंज पीडब्लूडी मुख्यपथ स्थित सैठाबाड़ी मदरसा से चिचुआबाड़ी-इस्लामपुर सड़क को जोड़ने वाली लगभग डेढ़ किमी कच्ची सड़क पर बना वर्षों पुराना ह्यूम पाइप कलवर्ट गत दिनों आयी भीषण बाढ़ की चपेट में आने से टूट चुका है़ जिससे उक्त सड़क पर विगत एक माह से आवागमन बाधित है़ ज्ञात हो कि यह एक ऐतिहासिक सड़क है जो क्षेत्र में डोम सड़क के नाम से काफी प्रसिद्ध है़ इस सड़क की एक विशेषता यह है कि यह तीन मुख्य सड़क किशनगंज-ठाकुरगंज, चिचुआबाड़ी-रायपुर प्रधानमंत्री सड़क तथा चिचुआबाड़ी-इस्लामपुर आरईओ सड़क को जोड़ती है़ ग्रामीणों ने कहा कि इस सड़क से दर्जनों गांव के हजारों लोगों की आवाजाही होती है़ परंतु इतनी महत्वपूर्ण सड़क की आज स्थानीय विधायक व सांसद अनदेखी कर रहे हैं. स्थानीय ग्रामीण सुंदर दास, मो तजमुल, पूर्व मुखिया मीर पाशा इमाम, पूर्व पंसस अलीमउद्दीन, मुख्तार आलम, अमीरूद्दीन, पूर्व उप सरपंच एनुल हक तथा पूर्व सरपंच अल्हाज, डाॅ सफीतुल्लाह ने बताया कि रायपुर छत्तरगाछ, भोटाथाना, सारोगोड़ा, कोल्था तथा
बुढनई पंचायतों के हजारों की आबादी को सीधे प्रखंड मुख्यालय सहित क्षेत्र का सबसे बड़ा मंडी इस्लामपुर से जोड़ती है तथा लोगों को चिचुआबाड़ी चौक पर लगाने वाली जाम से छुटकारा मिलती है़ परंतु सड़क का पिछले दस वर्षों से मरम्मती नहीं होने से सड़क धीरे धीरे अपना वजूद खो दिया है़ सड़क कई जगह कट चुकी है तथा सड़क पर बना वर्षों पूराना ह्यूमपाइप कलवर्ट ध्वस्त होता जा रहा है़ जिससे आवागमन बाधित हो गयी है़ इधर स्थानीय लोगों ने विधायक, सांसद सहित जिला पदाधिकारी का ध्यान इस ओर आकृष्ट कराते हुए उक्त सड़क केा प्रधानमंत्री अथवा मुख्यमंत्री ग्रामीण सड़क से जोड़ने की मांग की है तथा तत्काल आवागमन चालू करने के लिए पंचायत से मरम्मती किये जाने की मांग की है़
इतनी महत्वपूर्ण सड़क की स्थानीय विधायक व सांसद कर रहे हैं अनदेखी.
पिछले दस वर्षों से मरम्मत नहीं होने से कई जगह टूटने के साथ सड़क का वजूद खोता जा रहा है ़
