बेलदौर. गुरुवार को सीएचसी का औचक निरीक्षण करने पहुंचे सीएस अमरेन्द्र कुमार मरीजों को मुलभूत सुविधा मुहैया करा रहे आउटसोर्सिंग की लचर व्यवस्था देख भड़क उठे. इन्होंने मरीजों से पूछताछ किया तो जानकारी मिली कि मीनू के अनुसार मरीजों को भोजन नहीं मिलता है. इन्होंने सीएचसी के आउटसोर्सिंग व्यवस्था की गहन पड़ताल किए इस क्रम में डॉक्टर सहित स्वास्थ्य कर्मियों ने बताया कि आउटसोर्सिंग के तहत मरीजों को निर्धारित मीनू के अनुसार भोजन उपलब्ध नहीं कराया जा रहा है. इस पर सिविल सर्जन ने नाराजगी जताते हुए संबंधित आउटसोर्सिंग कर्मी के खिलाफ जल्द कार्रवाई करने की बात कही है. निरीक्षण के दौरान सिविल सर्जन ने ओपीडी, प्रसव कक्ष, उपस्थिति पंजी व अन्य महत्वपूर्ण अभिलेख की गहन जांच की. अस्पताल परिसर में साफ सफाई की स्थिति को पहले से बेहतर बताते हुए उन्होंने कहा कि इसमें और सुधार की आवश्यकता है. इस दौरान सीएस ने एन एच एम कर्मी की हो रही बैठक में पहुंच कर जमकर क्लास लगाई. इन्होंने एनएचएम कर्मी से पूछताछ किया. पूछताछ के दौरान एन एच एम कर्मियों ने बताया कि जो कर्मी वरीय पदाधिकारी के दिए गए कार्य को समय पर पूरा कर देते हैं, उन्हें समय पर सैलरी नहीं दी जाती है. वहीं सरकार के द्वारा एनएचएम कर्मी को मोबाइल तो दिया गया. लेकिन एक वर्ष से रिचार्ज के खर्च नहीं दिए गए, सैलरी के पैसे से रिचार्ज कर विभाग द्वारा दिए गए टास्क को पूरा करने की वेवशी बनी हुई है. वहीं इन्होंने एनएचएम कर्मियों के समस्याओं को गंभीरता से लेते वरीय अधिकारियों को स्थिति से अवगत कराते समाधान करवाये जाने का भरोसा दिया. वहीं विभागीय कार्य में लापरवाही बरतने वाले कर्मियों पर इन्होंने कार्रवाई करने की चेतावनी दी.
सीएचसी में आउटसोर्सिंग की लचर व्यवस्था देख सीएस भड़के, दिए कारवाई की चेतावनी
विभागीय कार्य में लापरवाही बरतने वाले कर्मियों पर इन्होंने कार्रवाई करने की चेतावनी दी
