सेविकाओं को पोषण व प्रारंभिक शिक्षा का मिला प्रशिक्षण
सेविकाओं को पोषण व प्रारंभिक शिक्षा का मिला प्रशिक्षण
कोढ़ा बाल विकास परियोजना अंतर्गत पोषण भी पढ़ाई भी कार्यक्रम की शुरुआत की गयी है. इस कार्यक्रम के तहत आंगनबाड़ी सेविकाओं को पोषण व प्रारंभिक शिक्षा पर केंद्रित विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है. उद्देश्य शून्य से छह वर्ष तक के बच्चों के शारीरिक, मानसिक, सामाजिक व संज्ञानात्मक विकास को सुदृढ़ बनाना है. ताकि भविष्य में वे बेहतर अवसर प्राप्त कर सकें. इस तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम को तीन बैचों में आयोजित किया जा रहा है. पहले बैच का आयोजन 13 से 16 मई तक किया. सफलता पूर्वक समापन हो चुका है. बड़ी संख्या में आंगनबाड़ी सेविकाओं ने भाग लिया. प्रशिक्षण के पहले दिन सेविकाओं को बच्चों के समुचित पोषण, संतुलित आहार, सुपोषण के महत्व और स्थानीय स्तर पर उपलब्ध पोषक तत्वों की जानकारी दी गयी. दूसरे दिन प्रारंभिक शिक्षा पर फोकस किया. बाल विकास के विभिन्न चरणों के अनुरूप शिक्षण विधियों, खेलों और गतिविधियों के माध्यम से सीखने की प्रक्रियाओं को समझाया गया. तीसरे दिन सेविकाओं को दोनों विषयों पोषण और शिक्षा के बीच समन्वय स्थापित कर बच्चों के विकास में किस प्रकार योगदान दिया जाय. इस पर विशेष सत्र आयोजित किया. बच्चों के साथ किस प्रकार संवाद करें जिससे उनका आत्मविश्वास और जिज्ञासा बढ़े. प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान बीसी प्रतिभा कुमारी, महिला पर्यवेक्षिका शशि सिन्हा समेत अन्य पदाधिकारी लगातार उपस्थित रहे और सेविकाओं का मार्गदर्शन किया. बीसी प्रतिभा कुमारी ने कहा. उद्देश्य सेविकाओं को सिर्फ जानकारी देना नहीं, बल्कि उन्हें प्रेरित करना है. दूसरा बैच 17 से 20 मई तक और तीसरा बैच 21 से 24 मई तक आयोजित किया जायेगा. प्रशासन का लक्ष्य है कि सभी आंगनबाड़ी सेविकाएं इस विशेष प्रशिक्षण से लाभान्वित होकर अपने-अपने केंद्रों पर बच्चों को बेहतर सेवा दे सकें.
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