हसनगंज दोपहर बाद अचानक मौसम का मिजाज बदल गया. दोपहर बाद सुबह से आसमान में छाए बादलों से दिन में 5 बजे शाम से बूंदाबांदी बारिश आरंभ हो गई. हवा के साथ हल्की बूंदाबांदी होने से वातावरण में ठंडक बढ़ गई. मौसम के इस बदलाव से जहां तापमान में गिरावट महसूस की गई, वहीं लोगों को गर्मी से कुछ राहत भी मिली. साथ ही गेहूं व मक्का की तैयार फसलों पर खतरा मंडराने लगा है. इससे किसानों में चिंता उभर आई है. ठंड का आभास होने लगा. खासतौर से दोपहिया वाहन सवार बूंदाबांदी से ठंड के कारण तेज गति से घर निकलते दिखे. बूंदाबांदी से बचने के लिए लोगों को बाजार और सड़कों पर इधर-उधर भी रुकना पड़ा. बूंदाबांदी रुक रुक होने से लोगों को परेशानी भी महसूस हुई. वहीं हाट बाजार आदि जगहों पर खुले में फल, सब्जी इत्यादि बेचने वालों को भी दुकानदारी में दिक्कत हुई. किसान मखदूम आलम, अब्दुल वाहिद, प्रमोद यादव, राकेश यादव आदि ने कहा कि मक्का और गेहूं फसलों के लिए बारिश नुकसान साबित होगा. अप्रैल माह की शुरूआत में बारिश चिंता की विषय है.
अचानक मौसम का बदला मिजाज, बूंदाबांदी से गेहूं उत्पादक किसानों की बढ़ी परेशानी
अचानक मौसम का बदला मिजाज, बूंदाबांदी से गेहूं उत्पादक किसानों की बढ़ी परेशानी
