– बैठक में कार्ययोजना पर किया गया चर्चा कटिहार समाहरणालय स्थित एनआईसी सभागार में बुधवार को उप विकास आयुक्त अमित कुमार की अध्यक्षता में ””ज्ञान भारतम मिशन”” अंतर्गत पाण्डुलिपि के सर्वेक्षण एवं डिजिटाइजेशन के सफल क्रियान्यवयन को लेकर बैठक आहुत की गयी. जिला कला संस्कृति पदाधिकारी रीना गुप्ता बताया कि बैठक में मिशन के उद्देश्य एवं स्वरूप, राज्य सरकार कला एवं संस्कृति विभाग, बिहार, पटना एवं भारत सरकार द्वारा निर्गत दिशा-निर्देशों की जानकारी, जिला स्तरीय समिति के अनुमोदन, नोडल पदाधिकारी की नियुक्ति तथा प्रखंड स्तर पर टीम गठन पर विस्तृत चर्चा की गयी. साथ ही मानक संचालन प्रक्रिया एवं मोबाइल ऐप प्रशिक्षण, सर्वेक्षण की तीन माह की समय सीमा, संभावित संस्थाओं एवं व्यक्तियों की पहचान की डेटा संग्रहण एवं अपलोड प्रक्रिया, जन-जागरूकता अभियान की रूपरेखा तथा पाण्डुलिपियों के संरक्षण एवं डिजिटलीकरण की व्यवस्था पर भी विस्तार से विचार-विमर्श किया गया. बैठक में शामिल मंजूर आलम ने मनिहारी स्थित मकबरे व मजार से संबंधित इतिहास से संबंधित साक्ष्य की जानकारी दी. जबकि नवाबगंज के पुराने मठ के बारे में जानकारी शिक्षा विभाग द्वारा दिया गया. गोरखनाथ धाम में स्थित राजघराना, लक्ष्मीपुर गुरुद्वारा के हस्तलिखित पांडुलिपियो, मनिहारी में महर्षि मेंही दास कुटीर आश्रम और कोठी के साक्ष्य के बारे में जानकारी दी गयी. निदेशक, डीआरडीए ने यह भी बताया गया कि आम जनता के पास उपलब्ध संबंधित जानकारी हो तो कला एवं संस्कृति कार्यालय, कटिहार को उपलब्ध करा सकते हैं. जिला पंचायती राज पदाधिकारी योगेंद्र कुमार, निर्देशक डीआरडीए सुदामा प्रसाद सिंह, डीएस कॉलेज हिंदी विभाग के डॉ जितेन्द्र कुमार वर्मा, संस्कृत विभाग के डॉ शीला कुमारी, केबी झा कॉलेज हिंदी विभाग के डॉ जितेश कुमार, सीमा मिश्रा, इतिहास विभाग के डॉ मिलन कुमार, एमजेएम महिला कॉलेज के इतिहास विभाग के राजीव कुमार, बाबा गोरखनाथ मंदिर से जुड़े कार्यकर्ता राजेश कुमार चौधरी, दीपक कुमार दीप, पिन्टु यादव, श्री गुरुनानक गुरुद्वारा के सरदार अमरजीत सिंह, मंजूर आलम, भारत स्काउट गाइड के राम बाबू, बड़ी दुर्गास्थान के कार्यकर्ता, नितिश सिंह, संजय कुमार, गुडडु कुमार आदि उपस्थित थे.
पांडुलिपियों के संरक्षण व डिजिटलीकरण को लेकर होगी पहल
पांडुलिपियों के संरक्षण व डिजिटलीकरण को लेकर होगी पहल
