फ्रैक्चर पैर में कार्टून बांधकर किया रेफर, कैमूर के अनुमंडलीय अस्पताल की व्यवस्था पर उठे सवाल

Kaimur News : मोहनियां अनुमंडलीय अस्पताल में पिकअप दुर्घटना के घायल का फ्रैक्चर पैर कार्टून के सहारे बांधकर रेफर करने पर स्वास्थ्य व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल.

Kaimur News : स्थानीय थाना क्षेत्र के मुजान गेट के पास रविवार को पिकअप की टक्कर से घायल बाइक सवार युवक के फ्रैक्चर पैर को उचित चिकित्सकीय सपोर्ट देने के बजाय कार्टून के सहारे बांधकर रेफर करने का मामला सामने आया है. अनुमंडलीय अस्पताल की इस व्यवस्था ने एक बार फिर स्वास्थ्य सुविधाओं पर सवाल खड़े कर दिये हैं.

मुजान गेट के पास पिकअप ने बाइक में मारी टक्कर

जानकारी के अनुसार, रविवार को शहबाजपुर से तीन लोग बाइक पर सवार होकर नुआंव दवा लेने जा रहे थे. इसी दौरान मुजान गेट के पास सामने से आ रहे पिकअप वाहन ने बाइक में जोरदार टक्कर मार दी. हादसे के बाद पिकअप चालक वाहन लेकर फरार हो गया.

हादसे में एक युवक का पैर हुआ फ्रैक्चर

दुर्घटना में शहबाजपुर गांव निवासी दिनेश सिंह की 45 वर्षीय पत्नी उमरावती देवी, उनकी 15 वर्षीय पुत्री करिश्मा कुमारी और वकील सिंह के 35 वर्षीय पुत्र प्रिंस कुमार घायल हो गये. इनमें प्रिंस कुमार के पैर में फ्रैक्चर होने की बात बतायी गयी है. सभी घायलों को इलाज के लिए अनुमंडलीय अस्पताल लाया गया.

कार्टून के सहारे बांधा फ्रैक्चर वाला पैर

अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद फ्रैक्चर वाले पैर के बेहतर इलाज के लिए प्रिंस कुमार को रेफर किया गया. लेकिन रेफर करने से पहले उसके पैर को उचित चिकित्सकीय सामग्री के बजाय कार्टून यानी कूट के सहारे बांध दिया गया. इस घटना के सामने आने के बाद अस्पताल की व्यवस्था और गंभीर मरीजों के उपचार को लेकर सवाल उठने लगे हैं.

गंभीर घायलों के इलाज को लेकर भी सवाल

स्थानीय लोगों का कहना है कि अस्पताल की व्यवस्था लगातार बिगड़ती जा रही है. रविवार को दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल मरीज अस्पताल पहुंचे तो वहां आयुष चिकित्सक द्वारा इलाज किये जाने की बात सामने आयी. ऐसे में सवाल उठ रहा है कि अनुमंडलीय अस्पताल में दुर्घटना के गंभीर मरीज पहुंचने पर उनके प्राथमिक उपचार और ट्रॉमा मैनेजमेंट की समुचित व्यवस्था क्यों नहीं है.

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फ्रैक्चर मरीज को जरूरी चिकित्सकीय सपोर्ट नहीं मिलने पर नाराजगी

स्थानीय लोगों के अनुसार, जिस अस्पताल में मरीज बेहतर और सुरक्षित इलाज की उम्मीद लेकर पहुंचते हैं, वहां गंभीर चोट के मामले में जरूरी चिकित्सकीय सामग्री के स्थान पर कार्टून का सहारा लिया जाना स्वास्थ्य व्यवस्था की स्थिति पर गंभीर सवाल खड़ा करता है. लोगों ने अनुमंडलीय अस्पताल में चिकित्सकीय सुविधाओं और संसाधनों को बेहतर करने की मांग की है.

कार्टून के सहारे बांधे गये फ्रेक्चर पैर

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अस्पताल उपाधीक्षक ने कहा- जानकारी मिली है

इस संबंध में अनुमंडलीय अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ. अविनाश कुमार सिंह ने बताया कि मामले की जानकारी मिली है.

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By विकास कुमार

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