Kaimur News : प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, कैमूर के निर्देश पर रविवार को मंडल कारा भभुआ में बंदियों के बीच विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया. कार्यक्रम का आयोजन जिला विधिक सेवा प्राधिकार, कैमूर के तत्वावधान में किया गया. इसका मुख्य उद्देश्य कारा में निरुद्ध बंदियों को उनके संवैधानिक एवं विधिक अधिकारों, निःशुल्क विधिक सहायता, न्याय तक पहुंच तथा उपलब्ध विधिक सेवाओं के प्रति जागरूक करना था.
आर्थिक असमर्थता पर मिल सकती है निःशुल्क विधिक सहायता
कार्यक्रम के दौरान बंदियों को बताया गया कि यदि आर्थिक अथवा अन्य किसी कारण से कोई व्यक्ति अपने मुकदमे की पैरवी के लिए अधिवक्ता करने में असमर्थ है, तो वह निःशुल्क विधिक सहायता प्राप्त कर सकता है. इसके लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार की ओर से आवश्यक सहायता एवं अधिवक्ता उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जाती है.
मुकदमे की स्थिति और कानूनी अधिकारों की दी जानकारी
बंदियों को उनके कानूनी अधिकारों, मुकदमे की स्थिति की जानकारी प्राप्त करने, अधिवक्ता से विधिक परामर्श लेने, न्यायालय में अपनी बात रखने तथा आवश्यकता पड़ने पर विधिक सेवा प्राधिकार से संपर्क करने के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी दी गयी. उन्हें बताया गया कि न्याय प्राप्त करना प्रत्येक व्यक्ति का अधिकार है.
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कमजोर और जरूरतमंद लोगों तक न्याय पहुंचाना उद्देश्य
कार्यक्रम के दौरान बंदियों को समझाया गया कि विधिक सेवा प्राधिकार का उद्देश्य समाज के कमजोर एवं जरूरतमंद वर्ग तक न्यायिक सहायता पहुंचाना है. किसी भी व्यक्ति को आर्थिक समस्या के कारण कानूनी सहायता से वंचित नहीं होना चाहिए.
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पैनल अधिवक्ता ने सुनी बंदियों की समस्याएं
इस दौरान पैनल अधिवक्ता वैभव कुमार सिंह एवं पैरा लीगल वालंटियर प्रदीप कुमार ने बंदियों की समस्याएं सुनीं और उन्हें उपलब्ध विधिक सेवाओं की जानकारी दी. बंदियों को बताया गया कि किसी भी प्रकार की कानूनी समस्या होने पर वे कारा प्रशासन अथवा जिला विधिक सेवा प्राधिकार के माध्यम से आवश्यक विधिक सहायता प्राप्त कर सकते हैं.
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