Kaimur News: (राजू कुमार) कैमूर जिले के रामपुर प्रखंड अंतर्गत करमचट थाना क्षेत्र के पांच बकायेदार किसानों के खिलाफ नीलाम पत्र वाद दायर करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. सासाराम-भभुआ सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, भगवानपुर शाखा द्वारा भेजी गई अधियाचना को जिला नीलाम पत्र शाखा, कैमूर ने स्वीकार कर लिया है.
डिसियो को सौंपी गई सुनवाई की जिम्मेदारी
जिला नीलाम पत्र पदाधिकारी द्वारा जारी पत्रांक-1-01-2026 के अनुसार, इन सभी मामलों की सुनवाई अब जिला सहकारिता पदाधिकारी-सह-नीलाम पत्र पदाधिकारी (डिसियो) को सौंपी गई है. अधियाचना को नियमानुसार पोर्टल पर दर्ज कर आगे की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है.
इन किसानों पर है बकाया राशि
सिसवार गांव के तीन किसानों पर बैंक का ऋण बकाया है-
- दिनेश कुमार यादव (पिता सरजू यादव) – ₹1,11,644
- प्रिंस कुमार (पिता संजय सिंह) – ₹1,12,100
- विंध्याचल कुमार (पिता बिगन कुम्हार) – ₹1,11,642
वहीं कुड़ारी गांव के दो किसानों पर-
- मोहम्मद शहादत अंसारी (पिता मुस्तकीम अंसारी) – ₹1,11,609
- मल्लू पासवान (पिता ललित पासवान) – ₹1,12,302
इन सभी पांच किसानों पर कुल बकाया राशि को लेकर नीलाम पत्र वाद दायर किया गया है.
क्या है नीलाम पत्र वाद
सहकारी बैंक से लिए गए ऋण का समय पर भुगतान नहीं करने पर बिहार लोक मांग वसूली अधिनियम के तहत नीलाम पत्र वाद दायर किया जाता है. इस प्रक्रिया में बकाया वसूली के लिए संबंधित व्यक्ति की चल और अचल संपत्ति की कुर्की एवं नीलामी तक की कार्रवाई की जाती है.
नोटिस के बाद भी नहीं हुआ भुगतान
बैंक प्रबंधन के अनुसार, बार-बार नोटिस दिए जाने के बावजूद संबंधित किसानों द्वारा ऋण की किस्त जमा नहीं की गई. इसी कारण मजबूरी में कानूनी कार्रवाई शुरू की गई है.
सुनवाई के बाद हो सकती है कुर्की-नीलामी
डिसियो द्वारा सभी मामलों में संबंधित किसानों को नोटिस जारी कर अपना पक्ष रखने का अवसर दिया जाएगा. संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर आगे कुर्की और नीलामी की प्रक्रिया शुरू की जाएगी.
अन्य बकायेदारों के लिए संदेश
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यह कार्रवाई अन्य ऋणधारकों के लिए भी एक संदेश है कि समय पर ऋण नहीं चुकाने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
