Arms Licenses : कैमूर जिले में शस्त्र लाइसेंस के नवीकरण को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपना लिया है. समाहरणालय की शस्त्र शाखा की ओर से जारी सूचना के अनुसार जिले में कुल 516 शस्त्र अनुज्ञप्तियां अब तक नवीनीकरण के बिना लंबित हैं. ऐसे सभी लाइसेंसधारियों की सूची आधिकारिक वेबसाइट पर अपलोड कर दी गई है, ताकि संबंधित लोग समय रहते अपना नवीकरण करा सकें.
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिन लोगों ने अभी तक अपने शस्त्र लाइसेंस का नवीकरण नहीं कराया है, वे तय प्रक्रिया का पालन करते हुए तुरंत आवेदन करें. देरी होने पर लाइसेंस की वैधता पर असर पड़ेगा और आगे कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है.
एनडीएएल पोर्टल पर दर्ज है पूरा डाटा
प्रशासन के अनुसार एनडीएएल और एएलआईएस पोर्टल पर थानावार सभी लंबित लाइसेंसों का रिकॉर्ड उपलब्ध है. इसी आधार पर सूची तैयार कर सार्वजनिक की गई है. इसका उद्देश्य यह है कि कोई भी लाइसेंसधारी यह न कह सके कि उसे जानकारी नहीं थी.
जिला दंडाधिकारी ने निर्देश जारी करते हुए कहा है कि सभी अनुज्ञप्तिधारी वेबसाइट पर अपना नाम जांच लें और यदि उनका नवीकरण लंबित है तो बिना देरी प्रक्रिया पूरी करें.
Kaimur News : विलंब शुल्क के साथ करना होगा आवेदन
जारी आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि जिन लोगों का नवीकरण समय पर नहीं हुआ है, उन्हें अब विलंब शुल्क के साथ आवेदन करना होगा. इसके लिए निर्धारित चालान जमा कर आवश्यक दस्तावेजों के साथ आवेदन पत्र जिला सामान्य शाखा, कैमूर में एक पखवाड़े के भीतर जमा करना अनिवार्य है.
अधिकारियों ने बताया कि आवेदन के साथ सभी जरूरी कागजात संलग्न करना जरूरी होगा, ताकि प्रक्रिया में किसी प्रकार की देरी न हो.
समय सीमा चूके तो होगी कानूनी कार्रवाई
प्रशासन ने कड़े शब्दों में चेतावनी दी है कि तय समय सीमा के भीतर नवीकरण नहीं कराने वाले लाइसेंसधारियों के खिलाफ शस्त्र अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी. इसमें लाइसेंस रद्द करने से लेकर अन्य विधिक कदम शामिल हो सकते हैं.
इसलिए सभी संबंधित लोगों को सलाह दी गई है कि वे इस मामले को गंभीरता से लें और तुरंत जरूरी कदम उठाएं.
आगे की स्थिति
जिला प्रशासन का कहना है कि यह अभियान शस्त्र लाइसेंस के रिकॉर्ड को अद्यतन और व्यवस्थित रखने के लिए चलाया जा रहा है. समय पर नवीकरण कराने वाले लोगों को किसी तरह की परेशानी नहीं होगी, लेकिन लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई तय है. ऐसे में सभी अनुज्ञप्तिधारियों के लिए यह जरूरी हो गया है कि वे समय सीमा के अंदर अपनी प्रक्रिया पूरी कर लें.
