Bihar News: बिहार के कैमूर जिले के ग्रामीण इलाकों में अब अंतिम संस्कार के लिए लोगों को परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा. सरकार ने जिले की सभी पंचायतों में सुविधाओं से लैस आधुनिक मुक्तिधाम बनाने का फैसला लिया है. यह योजना सरकार की सात निश्चय योजना-3 के तहत शुरू की जा रही है. इस पहल का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में अंतिम संस्कार की बेहतर, सुरक्षित और सम्मानजनक व्यवस्था उपलब्ध कराना है.
पंचायतों में बनेंगे आधुनिक शवदाह गृह
जिला पंचायती राज पदाधिकारी मनोज कुमार पवन ने बताया कि पंचायती राज विभाग की ओर से आधुनिक मुक्तिधाम निर्माण को लेकर दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं. जिले के सभी प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए हैं. उन्होंने कहा कि पंचायत स्तर पर बनने वाले शवदाह गृहों में लोगों की जरूरत के अनुसार सभी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी.
शेड, शौचालय, पेयजल और बैठने की होगी व्यवस्था
सरकार की योजना के अनुसार मुक्तिधाम परिसर को पूरी तरह व्यवस्थित और आधुनिक बनाया जाएगा. यहां अंतिम संस्कार में शामिल होने वाले लोगों के लिए बैठने की व्यवस्था, प्रतीक्षालय, शेड, चारदीवारी, शौचालय और स्नानागार जैसी सुविधाएं होंगी. इसके अलावा बेहतर रास्ता, ड्रेनेज सिस्टम, साफ-सफाई और पेयजल की भी व्यवस्था की जाएगी ताकि लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो.
खुले में अंतिम संस्कार की समस्या से मिलेगी राहत
ग्रामीण इलाकों में अभी भी कई जगह व्यवस्थित श्मशान घाट नहीं हैं. ऐसे में लोगों को खुले स्थानों या नदी किनारे अंतिम संस्कार करना पड़ता है, जिससे काफी परेशानी होती है. सरकार का मानना है कि आधुनिक मुक्तिधाम बनने से ग्रामीणों को सम्मानजनक और सुविधाजनक व्यवस्था मिलेगी.
पर्यावरण के अनुकूल होंगे मुक्तिधाम
योजना के तहत पर्यावरण को ध्यान में रखते हुए सुविधाएं विकसित की जाएंगी. अधिकारियों का कहना है कि इससे प्रदूषण कम होगा और स्वच्छता अभियान को भी मजबूती मिलेगी. यह योजना ‘सबका सम्मान-जीवन आसान’ अभियान का हिस्सा मानी जा रही है.
भूमि सर्वे का काम शुरू
जिला पंचायती राज विभाग के अनुसार परियोजनाओं के लिए भूमि सर्वेक्षण का काम शुरू हो चुका है. पंचायतों में जमीन चिन्हित की जा रही है ताकि जल्द निर्माण कार्य शुरू किया जा सके.
24 घंटे में मिलेगा मृत्यु प्रमाण पत्र
अधिकारियों ने बताया कि पंचायत क्षेत्र में किसी व्यक्ति का अंतिम संस्कार पंचायत के मुक्तिधाम में होने पर 24 घंटे के भीतर आवेदन देने पर मृत्यु प्रमाण पत्र जारी किया जाएगा. हालांकि यह सुविधा पंचायत क्षेत्र में निधन होने वाले लोगों के लिए ही लागू होगी.
इन प्रखंडों में बनाए जाएंगे मुक्तिधाम
जिले के अलग-अलग प्रखंडों में मुक्तिधाम निर्माण की संख्या तय की गई है.
- चैनपुर- 47
- कुदरा- 30
- चांद- 26
- भगवानपुर- 19
- नुआव- 15
- भभुआ- 12
- अधौरा- 10
- रामगढ़- 9
- करौं- 9
- कसैया- 9
- मोहनियां- 8
- रामपुर- 4
- डिंडाकोली- 3
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