हथियार के बल पर लेबर को बंधक बना दो ट्रैक्टर समेत 10 लाख के सामान की लूट

इस संदर्भ में हाइटेंशन लाइन में टावर शिफ्टिंग के कार्य में लगे माय इंफ्राटेक प्राइवेट लिमिटेड के प्रोजेक्ट मैनेजर महेश कुशवाहा के लिखित शिकायत पर नगर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गयी है.

जहानाबाद. जिले में अपराधियों का मनोबल दिन-प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है. बीती रात अपराधियों ने दुस्साहस का परिचय देते हुए इरकी न्यू बाइपास के समीप हाइटेंशन लाइन में टावर शिफ्टिंग का कार्य कर रहे निजी कंपनी के बेस कैंप में अपराधियों ने पहले हथियार के बल पर लेबर को बंधक बना लिया और फिर करीब चार घंटे तक बेस कैंप में रखे टावर शिफ्टिंग के हार्डवेयर को लूटपाट कर कैंप में कंपनी के लगे दो ट्रैक्टर पर सामान लोड कर गया की ओर भाग निकले. घटना के संदर्भ में बताया जाता है कि अपराधी करीब 12 बजे रात में बेस कैंप में दाखिल हुए और फिर हथियार भिड़ा कर सबसे पहले बेस कैंप में सो रहे करीब आधा दर्जन मजदूर को बारी-बारी से बंधक बनाकर हाथ-पैर बांध दिया और फिर करीब 15 की संख्या में रहे अपराधियों ने जमकर चार घंटे तक तांडव मचाया और फिर सभी कीमती सामान को कंपनी के ही ट्रैक्टर पर लोड कर आसानी से लेकर पटना- गया एनएच के रास्ते चलते बने. इस संदर्भ में हाइटेंशन लाइन में टावर शिफ्टिंग के कार्य में लगे माय इंफ्राटेक प्राइवेट लिमिटेड के प्रोजेक्ट मैनेजर महेश कुशवाहा के लिखित शिकायत पर नगर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गयी है. दर्ज प्राथमिकी के आलोक में पुलिस आगे की कार्रवाई में जुटी है. हथियार के बल पर बेस कैंप में देर रात हुई लूटपाट के मामले को पुलिस अधीक्षक अरविंद प्रताप को भी अवगत कराया गया है. लेबर बेस कैंप के मालिक अजीत कुमार ने बताया है कि लेबर से पूछताछ के दौरान पता चला कि 10 से 15 अज्ञात अपराधी हथियार लेकर एकाएक प्रवेश कर गए और सभी का मोबाइल छीन लिया और एक जगह बैठा कर हाथ- पैर बांध दिया और मुंडी नीचे कर चुपचाप बैठे रहने को कहा. लेबर सुनील पासवान ने बताया कि सिर को ऊपर उठाने पर अपराधी लेबर के साथ मारपीट करते थे. बेस कैंप के मालिक अजीत कुमार ने बताया है कि 10 से 15 की संख्या में रहे हथियारबंद अपराधियों ने कंपनी के दो ट्रैक्टर के अलावा करीब 10 लाख रुपये के हार्डवेयर फिटिंग को लूट कर फरार हो गये. उन्होंने बताया है कि अपराधी के भागने के बाद लेबर किसी तरह एक-दूसरे का बांधा गया हाथ- पैर खोला और फिर मोबाइल में सिम लगाकर किसी तरह कंपनी के अधिकारी को पूरे मामले से अवगत कराया. इसके बाद कंपनी के अधिकारी ने पुलिस को लूटपाट की जानकारी दी. सूचना मिलने के बाद पुलिस इरकी बाईपास के समीप लेबर बेस कैंप पहुंचे जहां मौजूद रहे लेबर से पूछताछ कर पूरे मामले की जानकारी ली. बताया जाता है कि 132000 हाईटेंशन लाइन में टावर शिफ्टिंग का कार्य चल रहा था, जिसका हार्डवेयर फिटिंग बेस कैंप में पड़ा था, जिसे हथियारबंद अपराधी ट्रैक्टर पर लोड कर गया की तरफ फरार हो गये. चोरी गये हार्डवेयर फिटिंग सामान की कीमत 10 से 15 लाख की बतायी जाती है. जबकि कंपनी के दो ट्रैक्टर को भी अपराधी अपने साथ लेते चले गये. लूटपाट की घटना के बाद बेस कैंप में दहशत का माहौल है. काम करने वाले सभी मजदूर वहां रहने को तैयार नहीं हैं. इधर बेस कैंप के मालिक ने पटना- गया एनएच किनारे सरेराह अपराधियों द्वारा लूटपाट की घटना को अंजाम देकर आसानी से रफू- चक्कर हो जाने पर जिले की पुलिस की पेट्रोलिंग पर सवाल उठाया है. चोरी के सामानों में हार्डवेयर फिटिंग के अलावा कंडक्टर शामिल है. इधर नगर थाने की पुलिस ने बताया है कि कंपनी के प्रोजेक्ट मैनेजर से मिले शिकायत के आधार पर मामले में प्राथमिकी दर्ज कर पुलिस आगे की कार्रवाई में जुटी है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: AMLESH PRASAD

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >