इंजरी रिपोर्ट में हेरफेर को लेकर पैसे लेते अस्पताल कर्मी का वीडियो वायरल
फार्मासिस्ट दयानंद पासवान से हुई है स्पष्टीकरण की मांग
सदर अस्पताल में मचा हड़कंप, स्वास्थ्य विभाग ने शुरू की जांच
जमुई. सदर अस्पताल में तैनात एक कर्मी का इंजरी रिपोर्ट में हेरफेर करने के नाम पर पैसे लेने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. इससे स्वास्थ्य विभाग और प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है. वायरल वीडियो में दो लोग अस्पताल के फार्मासिस्ट दयानंद पासवान को पैसे देते नजर आ रहे हैं. हालांकि प्रभात खबर वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है. वहीं मामले की गंभीरता को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने जांच शुरू कर दी है. बताया जाता है कि अस्पताल में रिपोर्ट से छेड़छाड़ की शिकायतें पहले से मिल रही थीं. कुछ दिन पूर्व पुलिस अधीक्षक विश्वजीत दयाल ने भी बातचीत के दौरान इस ओर संकेत दिया था और कहा था कि इन शिकायतों में कई बार उक्त कर्मी का नाम सामने आया है.
दलालों व बिचौलियों पर पहले से थी प्रशासन की नजर
अस्पताल परिसर में मरीजों को बहला-फुसलाकर निजी क्लिनिक ले जाने वाले गिरोह पर रोक लगाने के लिए पुलिस बल की तैनाती की गयी थी. इसी अभियान के तहत सदर अस्पताल के आसपास की दो दवा दुकानों को भी सील किया गया था. हाल ही में डीएम और एसपी ने आम जनता की तरह सदर अस्पताल का औचक निरीक्षण भी किया था. इसके बाद एसडीएम सौरव कुमार के नेतृत्व में कार्रवाई करते हुए दो कथित दलालों को गिरफ्तार किया था.
सेवानिवृत्ति के बाद भी बढ़ायी गयी थी सेवा अवधि
बताया जाता है कि दयानंद पासवान सदर अस्पताल में फार्मासिस्ट के पद पर कार्यरत हैं. फार्मासिस्ट की कमी के कारण सेवानिवृत्ति के बाद भी उनकी सेवा अवधि बढ़ाकर उन्हें पुनः कार्यरत रखा गया था. सूत्रों के अनुसार, उन पर पहले भी पैसे लेकर इंजरी रिपोर्ट और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हेरफेर करने के आरोप लगते रहे हैं. फिलहाल पूरे मामले की जांच की जा रही है.
कहते हैं सिविल सर्जन
सिविल सर्जन डॉ अशोक कुमार सिंह ने बताया कि वीडियो को मैंने भी देखा है. काफी शर्मनाक हरकत है. उन्होंने बताया कि फार्मासिस्ट दयानंद पासवान से स्पष्टीकरण की मांग की गयी है. इसके उपरांत एक जांच टीम गठित की जायेगी और इस कृत्य में शामिल सभी लोगों पर कार्रवाई की जायेगी.