जमुई : विशेष दत्तक गृह जमुई में रह रही 14 माह की एक नेत्रहीन बालिका की इलाज के दौरान सदर अस्पताल में मौत हो गई. बताया जाता है कि बालिका हृदय रोग से भी पीड़ित थी और उसका इलाज पटना स्थित आईजीआईएमएस में चल रहा था. शनिवार को मेडिकल टीम गठित कर शव का पोस्टमार्टम कराया गया.
तबीयत बिगड़ने पर सदर अस्पताल में कराया गया भर्ती
जानकारी के अनुसार, विशेष दत्तक गृह में रह रही बालिका की तबीयत बिगड़ने के बाद उसे इलाज के लिए सदर अस्पताल लाया गया था. चिकित्सकों की निगरानी में उसका उपचार चल रहा था, लेकिन इलाज के दौरान ही उसकी मौत हो गई.
जन्म से ही नेत्रहीन, हृदय रोग का भी चल रहा था इलाज
बताया जाता है कि बालिका जन्म से ही नेत्रहीन थी और हृदय संबंधी बीमारी से भी पीड़ित थी. उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए पटना स्थित आईजीआईएमएस में भी इलाज कराया जा रहा था. हालांकि बालिका विशेष दत्तक गृह में कब और किन परिस्थितियों में आई, इस संबंध में वहां के पदाधिकारी और कर्मी स्पष्ट जानकारी देने से बचते दिखे.
डीएस के नेतृत्व में मेडिकल टीम ने किया पोस्टमार्टम
बालिका की मौत के बाद नियमानुसार पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल टीम गठित की गई. शनिवार को सदर अस्पताल के डीएस डॉ. थनीष कुमार के नेतृत्व में गठित टीम ने शव का पोस्टमार्टम किया. पोस्टमार्टम की वीडियोग्राफी भी कराई गई.
मेडिकल टीम में डीएस डॉ. थनीष कुमार के अलावा शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. अनुरंजन और डॉ. अंशुल अनुराग शामिल थे. पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव को नियमानुसार संबंधित प्रक्रिया के तहत सौंप दिया गया.
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से स्पष्ट होगा मौत का कारण
बालिका की मौत इलाज के दौरान हुई है. हालांकि मौत के वास्तविक चिकित्सकीय कारणों को लेकर पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है. रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों की स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी.
