Hajipur farmer protest: गोरौल-सरैया मुख्य मार्ग से बेलसर थाना क्षेत्र के साइन बाजार जाने वाली सड़क की बदहाली और जलजमाव से नाराज स्थानीय ग्रामीणों एवं दुकानदारों ने शनिवार को सड़क पर ही धान का बिचड़ा रोपकर प्रशासन के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया. सड़क की जर्जर स्थिति और वर्षों से मरम्मत नहीं होने को लेकर लोगों ने गहरी नाराजगी जताई.
100 फीट तक जलजमाव से सड़क बनी दलदल
स्थानीय लोगों ने बताया कि सड़क के मुख्य हिस्से में लगभग 100 फीट तक लगातार जलजमाव बना रहता है, जिससे पक्की सड़क पूरी तरह टूट चुकी है. सड़क निर्माण में प्रयुक्त गिट्टियां बह जाने के बाद अब वहां केवल मिट्टी बची है, जो बारिश के कारण दलदल में तब्दील हो गई है.
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क की स्थिति इतनी खराब हो चुकी है कि दोपहिया वाहन, साइकिल और यहां तक कि पैदल चलना भी जोखिम भरा हो गया है. जर्जर सड़क और जलजमाव के कारण लोगों को प्रतिदिन भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.
वर्षों से की जा रही है मरम्मत की मांग
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि वर्षों से जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों से सड़क की मरम्मत की मांग की जा रही है, लेकिन अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई है. प्रशासनिक अनदेखी से नाराज स्थानीय युवक मुन्ना गुप्ता ने सड़क पर धान की रोपनी कर विरोध जताते हुए अविलंब सड़क की मरम्मत कराने की मांग की. विरोध प्रदर्शन की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जुट गए और प्रशासन के खिलाफ अपनी नाराजगी जाहिर की.
ऐतिहासिक और महत्वपूर्ण है यह सड़क
ग्रामीणों ने बताया कि यह सड़क ऐतिहासिक और महत्वपूर्ण है. इसी मार्ग से स्वतंत्रता सेनानी एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वर्गीय एल. पी. शाही तथा अमर शहीद राजीव शर्मा के पैतृक गांव का संपर्क बना हुआ है. यही सड़क आगे मुजफ्फरपुर जिले को भी जोड़ती है. इसके बावजूद वर्षों से इसकी बदहाली प्रशासनिक उदासीनता की कहानी बयां कर रही है. ग्रामीणों का कहना है कि सड़क की स्थिति में जल्द सुधार नहीं हुआ तो इसका खामियाजा आम लोगों को भुगतना पड़ता रहेगा.
आंदोलन की दी चेतावनी
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र सड़क की मरम्मत नहीं कराई गई तो वे व्यापक आंदोलन करने को मजबूर होंगे. सड़क पर धान की रोपनी कर किया गया यह अनोखा विरोध पूरे इलाके में चर्चा का विषय बना रहा.
