Raksha Bandhan : भाई-बहन के अटूट प्रेम, स्नेह और विश्वास का पर्व रक्षाबंधन शुक्रवार को हाजीपुर समेत जिले के विभिन्न हिस्सों में हर्षोल्लास और पारंपरिक उत्साह के साथ मनाया गया. शहर के अलग-अलग मोहल्लों से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक हर घर में बहनों ने अपने भाइयों की कलाई पर राखी बांधी और उनके सुखी, स्वस्थ एवं सुरक्षित जीवन की कामना की. वहीं भाइयों ने भी बहनों की रक्षा और हर सुख-दुख में साथ देने का संकल्प लिया.
सुबह से ही घरों में रक्षाबंधन की तैयारियां शुरू हो गई थीं. बहनों ने पूजा की थाली सजाई, भाई को तिलक लगाया, आरती उतारी और मिठाई खिलाने के बाद उनकी कलाई पर राखी बांधी. राखी बांधते समय बहनों ने भाइयों की लंबी उम्र, सुख-समृद्धि और सुरक्षा के लिए ईश्वर से प्रार्थना की. इसके बाद भाइयों ने बहनों को उपहार देकर उनके प्रति अपने प्रेम का इजहार किया.
सुबह 5:57 बजे से 9:48 बजे तक रहा शुभ मुहूर्त
पंचांग के अनुसार इस वर्ष सावन पूर्णिमा की तिथि 27 अगस्त की सुबह 9:08 बजे शुरू होकर 28 अगस्त की सुबह 9:48 बजे तक रही. 28 अगस्त को भद्रा का प्रभाव सूर्योदय से पहले ही समाप्त हो चुका था. ऐसे में शुक्रवार की सुबह 5:57 बजे से 9:48 बजे तक राखी बांधने का प्रमुख शुभ मुहूर्त रहा. शुभ मुहूर्त को लेकर सुबह से ही लोगों में उत्साह रहा. हालांकि कई परिवारों में सुविधानुसार दिन में भी भाई-बहन ने एक-दूसरे के साथ रक्षाबंधन का पर्व मनाया.
शहर से गांव तक दिखी पर्व की रौनक
हाजीपुर शहर के विभिन्न मोहल्लों, बाजार क्षेत्रों और आसपास के इलाकों के साथ ही वैशाली जिले के अलग-अलग प्रखंडों में भी रक्षाबंधन को लेकर उत्साह का माहौल रहा. घर-घर बहनों ने भाइयों की कलाई पर प्रेम और विश्वास का प्रतीक राखी बांधी. इस दौरान परिवार के सदस्यों ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर पर्व की शुभकामनाएं दीं.
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