hajipur news. पातेपुर नगर पंचायत के वार्ड संख्या 10 में पानी के लिए लोगों ने किया प्रदर्शन

पातेपुर नगर पंचायत के वार्ड संख्या 10 में मचा पानी के लिए हाहाकार

By Prabhat Khabar News Desk | February 24, 2025 11:07 PM

पातेपुर. पातेपुर नगर पंचायत के वार्ड संख्या 10 में बीते ढाई साल से नलजल से जलापूर्ति ठप रहने के कारण सोमवार को लोगों का गुस्सा फूट पड़ा. वार्ड के लोगों ने मस्जिद के पास सड़क पर उतरकर नगर पंचायत प्रशासन के विरोध में जमकर नारेबाजी की. लोगों ने जल्द से जल्द वार्ड में जलापूर्ति बहाल करने की मांग की, वहीं जलापूर्ति बहाल नहीं होने पर चरणबद्ध आंदोलन की चेतावनी दी.

प्रदर्शन कर रहे लोगों ने बताया कि नगर पंचायत के वार्ड संख्या 10 में बीते ढाई साल से नलजल से जलापूर्ति नहीं हो रही है. इसके लिए ग्रामीण दर्जनों बार नगर पंचायत तथा प्रखंड प्रशासन को लिखित आवेदन देकर थक चुके हैं, लेकिन उनकी समस्या का समाधान नहीं किया गया. लोगों ने बताया कि वार्ड के लोग पीने के लिए भी पानी दूसरे के चापाकल से लाते हैं. कई बार पानी भरने को लेकर विवाद भी हो जाता है. गर्मी बढ़ने के साथ ही पानी की समस्या गहराने लगी है. बताया गया कि वार्ड में मस्जिद के पास एक चापाकल है, जिससे किसी तरह लोगों का काम चलता है. गर्मी बढ़ने के कारण खासकर पशुपालकों को काफी परेशानी हो रही है.

पूर्व वार्ड सदस्य ने नहीं सौंपा है अबतक योजना का प्रभार

प्रदर्शन में शामिल वार्ड पार्षद तलनख सिद्दका ने बताया कि नगर पंचायत चुनाव के पूर्व पंचायती राज व्यवस्था के तहत वार्ड में नलजल का जलमीनार बना था. नगर पंचायत का चुनाव होने के ढाई साल बाद भी पूर्व वार्ड सदस्य ने अब तक उसका प्रभार नहीं सौंपा है. नलजल से पानी की आपूर्ति रोके जाने की शिकायत नगर पंचायत के पदाधिकारियों एवं पीएचइडी विभाग के अधिकारियों से भी की गयी है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई. थक-हारकर लोग आंदोलन का सहारा लेने के लिए विवश हैं. बताया गया कि यदि नलजल चालू नहीं किया गया तो लोग प्रखंड मुख्यालय पर धरना प्रदर्शन करेंगे.

बिजली बिल बकाया की वजह से बंद है सप्लाइ

इस संबंध में नगर पंचायत की ईओ दीप शिखा ने बताया कि वार्ड संख्या 10 में पंचायती राज के समय का बिजली बिल बकाया है. इसके लिए पूर्व वार्ड सदस्य पहले का बकाया बिजली बिल जमा कराने के लिए बार-बार दबाव बना रहे हैं, जबकि नगर पंचायत प्रशासन ने 2022 में नलजल को हैंडओवर लिया था. उसके बाद से ही बिजली बिल भुगतान के लिए कहा जा रहा है. पूर्व वार्ड सदस्य का कहना है कि उसकी निजी जमीन में नलजल की बोरिंग है तथा विभाग द्वारा किसी प्रकार का एग्रीमेंट भी नहीं किया गया था. इसी कारण वह पानी की आपूर्ति बाधित कर देता है. इस मामले की जानकारी प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी को दी जा चुकी है.

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