Gopalganj Teacher Training : गोपालगंज जिले के मॉडल स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता बेहतर बनाने के लिए शिक्षा विभाग ने चयनित शिक्षकों के प्रशिक्षण को लेकर सख्त व्यवस्था लागू की है. राज्य शिक्षा शोध एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी) के निर्देश पर 13 से 17 जुलाई तक पांच दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण आयोजित होगा, जिसमें जिले के 120 शिक्षक भाग लेंगे.
Gopalganj News : 60 शिक्षक डायट थावे, 60 एससीईआरटी पटना जाएंगे
दूसरे चरण के प्रशिक्षण में गोपालगंज के कुल 120 शिक्षकों को शामिल किया गया है. इनमें 60 शिक्षकों को डायट थावे और 60 शिक्षकों को एससीईआरटी, पटना में प्रशिक्षण दिया जाएगा. शिक्षकों को चरणवार भेजा जाएगा ताकि विद्यालयों में नियमित पठन-पाठन प्रभावित न हो.
समय पर रिपोर्ट करना होगा अनिवार्य
शिक्षा विभाग ने निर्देश दिया है कि सभी चयनित शिक्षक प्रशिक्षण शुरू होने से एक दिन पहले शाम तक संबंधित प्रशिक्षण केंद्र पर योगदान देंगे. प्रशिक्षण वाले दिन सुबह 9 बजे के बाद पहुंचने वाले शिक्षकों का योगदान स्वीकार नहीं किया जाएगा. बिना पूर्व सूचना अनुपस्थित रहने पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी.
दिन में तीन बार होगी बायोमेट्रिक हाजिरी
प्रशिक्षण अवधि के दौरान फेस रिकॉग्निशन आधारित बायोमेट्रिक मशीन से प्रतिदिन तीन बार उपस्थिति दर्ज कराना अनिवार्य होगा. सुबह पीटी एवं योग सत्र, दोपहर भोजनावकाश और रात के भोजन के बाद शिक्षकों को बायोमेट्रिक उपस्थिति दर्ज करनी होगी.
गैरहाजिरी पर आधे दिन के वेतन कटौती की अनुशंसा
यदि कोई शिक्षक निर्धारित तीन में से किसी भी समय बायोमेट्रिक उपस्थिति दर्ज नहीं कराता है तो उससे स्पष्टीकरण मांगा जाएगा. संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर संबंधित शिक्षक के आधे दिन के वेतन की कटौती की अनुशंसा जिला शिक्षा पदाधिकारी को भेजी जाएगी.
प्रशिक्षण केंद्रों को भी दिए गए सख्त निर्देश
एससीईआरटी ने सभी प्रशिक्षण केंद्रों को बायोमेट्रिक मशीन अपडेट करने, पुराने डेटा हटाने और पहले दिन सुबह 10 बजे तक सभी शिक्षकों का फेस रजिस्ट्रेशन पूरा कराने का निर्देश दिया है. साथ ही बिजली, इंटरनेट और एलएएन नेटवर्क की निर्बाध व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया है.
शिक्षण गुणवत्ता सुधारना है उद्देश्य
शिक्षा विभाग के अनुसार इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य मॉडल स्कूलों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षण व्यवस्था विकसित करना और आधुनिक शिक्षण पद्धतियों से शिक्षकों को प्रशिक्षित करना है. विभाग ने स्पष्ट किया है कि सभी दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन कराया जाएगा.
