Mid Day Meal Guidelines Bihar 2026: बरसात के मौसम में सरकारी स्कूलों में बनने वाले मिड डे मील (एमडीएम) की गुणवत्ता और बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए शिक्षा विभाग ने सख्त निर्देश जारी किए हैं. विभाग ने स्पष्ट किया है कि बच्चों के भोजन की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा. इसके लिए सभी जिलों के जिला शिक्षा पदाधिकारी (डीईओ) और मध्याह्न भोजन योजना (एमडीएम) के जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (डीपीओ) को विशेष निगरानी करने का निर्देश दिया गया है.
एमडीएम डीपीओ लखींद्र दास ने बताया कि मध्याह्न भोजन योजना निदेशालय की ओर से जारी आदेश के अनुसार बरसात के मौसम में संक्रमण और खाद्य सामग्री खराब होने की संभावना अधिक रहती है. ऐसे में विद्यालयों में बनने वाला भोजन पूरी तरह स्वच्छ, सुरक्षित और पौष्टिक होना अनिवार्य है.
रसोईघर और खाद्य सामग्री की होगी नियमित जांच
विभाग ने जिला, प्रखंड और मध्याह्न भोजन योजना से जुड़े अधिकारियों को स्कूलों का नियमित निरीक्षण करने का निर्देश दिया है. निरीक्षण के दौरान रसोईघर, भंडारगृह, खाद्य सामग्री और साफ-सफाई की विशेष रूप से जांच की जाएगी. किसी भी स्तर पर लापरवाही मिलने पर संबंधित अधिकारियों और कर्मियों की जवाबदेही तय की जाएगी.
खाद्य सामग्री की गुणवत्ता पर रहेगा विशेष ध्यान
निर्देश के अनुसार चावल, दाल, तेल, मसाले, सोयाबीन और चना सहित सभी खाद्य सामग्री की गुणवत्ता जांचने के बाद ही उसका उपयोग किया जाएगा. पैकेटबंद खाद्य सामग्री की एक्सपायरी डेट की जांच अनिवार्य होगी. साथ ही खाद्यान्न का सुरक्षित भंडारण सुनिश्चित किया जाएगा ताकि बारिश की नमी से सामग्री खराब न हो.
रसोई में उपयोग होने वाले सभी बर्तन, थाली और गिलास को अच्छी तरह साफ करने के बाद ही इस्तेमाल किया जाएगा.
बरसात में इन सब्जियों पर पूरी तरह रोक
बच्चों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए विभाग ने बरसात के मौसम में बैंगन, भिंडी, पत्ता गोभी और सभी प्रकार के साग का उपयोग नहीं करने का निर्देश दिया है. इनके स्थान पर स्थानीय स्तर पर उपलब्ध ताजी और सुरक्षित सब्जियों का उपयोग करने को कहा गया है.
विभाग का मानना है कि बरसात के दौरान इन सब्जियों में कीटाणु और संक्रमण की संभावना अधिक रहती है.
भोजन परोसने से पहले होगा स्वाद परीक्षण
शिक्षा विभाग ने निर्देश दिया है कि बच्चों को भोजन परोसने से पहले रसोइया, प्रधानाध्यापक या शिक्षक स्वयं भोजन का स्वाद चखकर उसकी गुणवत्ता सुनिश्चित करेंगे.
इसके अलावा बच्चों को भोजन से पहले साबुन या हैंडवॉश से हाथ धुलवाना अनिवार्य होगा. विद्यालय परिसर, चापाकल, नल, शौचालय और कचरा निपटान व्यवस्था को भी हर समय स्वच्छ रखने के निर्देश दिए गए हैं.
विभाग ने सभी अधिकारियों को आदेशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने को कहा है, ताकि बरसात के पूरे मौसम में सरकारी स्कूलों के बच्चों को सुरक्षित, स्वच्छ और पौष्टिक मिड डे मील उपलब्ध कराया जा सके.
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