गोपालगंज के महेंद्र दास इंटर कॉलेज में सरकार से मिली राशि की हेराफेरी, डीएम ने शिक्षा विभाग को दिया ये आदेश

Bihar News: गोपालगंज जिले के कुचायकोट प्रखंड के नेचुआ जलालपुर में स्थित एसएमडी इंटर कॉलेज में शिक्षकों के अनुदान के लिए आयी सरकारी राशि से करोड़ों की हेराफेरी सामने आई है. इसके बाद डीएम पवन कुमार सिन्हा एक्शन मोड में आ गए है . जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगा कि गड़बड़ी कितने की है.डीएम के आदेश के बाद डीइओ ने डीपीओ माध्यमिक शिक्षा के नेतृत्व में जांच कर विस्तृत रिपोर्ट तलब की है. डीएम के कड़े रुख को देख डीपीओ ने कॉलेज की प्राचार्य डॉ निभा तिवारी को आरोपों के संबंध में 8 मई को दिन के एक बजे लिखित बचाव पक्ष रखने को कहा है. संबंधित साक्ष्यों की मूल प्रति एवं एक छायाप्रति के साथ स्वयं उपस्थित होकर अपना पक्ष प्रस्तुत करना सुनिश्चित करने की बात कही है. प्राचार्य डॉ निभा तिवारी की ओर से कोई पक्ष रखने नहीं आया है. प्राचार्य का पक्ष जानने के लिए संपर्क की गयी तो उनका फोन स्विच ऑफ मिला.

Bihar News: गोपालगंज जिले के कुचायकोट प्रखंड के नेचुआ जलालपुर में स्थित एसएमडी इंटर कॉलेज में शिक्षकों के अनुदान के लिए आयी सरकारी राशि से करोड़ों की हेराफेरी सामने आई है. इसके बाद डीएम पवन कुमार सिन्हा एक्शन मोड में आ गए है .

डीएम ने इस मामले में डीइओ को तत्काल जांच कर रिपोर्ट देने का आदेश दिया है. डीएम के आदेश के बाद डीइओ योगेश कुमार ने डीपीओ माध्यमिक शिक्षा प्रवीण कुमार प्रभाकर के नेतृत्व में जांच कर विस्तृत रिपोर्ट तलब की है.

डीएम ने घटना पर अधिकारियों से जवाब तालाब की है

डीएम के कड़े रुख को देख डीपीओ ने कॉलेज की प्राचार्य डॉ निभा तिवारी को आरोपों के संबंध में आठ मई को दिन के एक बजे लिखित बचाव पक्ष, संबंधित साक्ष्यों की मूल प्रति एवं एक छायाप्रति के साथ स्वयं उपस्थित होकर अपना पक्ष प्रस्तुत करना सुनिश्चित करने की बात कही है.

प्राचार्य डॉ निभा तिवारी की ओर से कोई पक्ष रखने नहीं आया, जबकि कुचायकोट के बीइओ अशोक कुमार सिंह से भी उनसे सहयोग करने को कहा गया है.

इन कर्मियों ने जन शिकायत निवारण कोषांग में आरोप पत्र सौंपा था

अमितेश कुमार श्रीवास्तव, पांडेय चिंतामणि, अनिता कुमारी, रंजीता कुमारी, रामाशंकर की ओर से डीएम के जन शिकायत निवारण कोषांग में एक आरोप पत्र सौंपते हुए आरोप लगाया कि एसएमडी इंटर कॉलेज, नेचुआ जलालपुर, प्रखंड-कुचायकोट में कार्यरत शिक्षक एवं शिक्षकेतर कर्मियों के मद में सत्र 2015-17 एवं 2016-18 के लिए बिहार सरकार एवं बिहार विद्यालय परीक्षा समिति द्वारा दिनांक 06 दिसंबर 2025 को महाविद्यालय के खाते में आरटीजीएस के माध्यम से एक करोड़ रुपये भेजे गये थे.

आरोप है कि कर्मियों को डरा-धमकाकर, सादे कागज पर हस्ताक्षर कराकर, केस में फंसाने तथा कॉलेज से बर्खास्त करने की धमकी देकर चेक के माध्यम से भुगतान किया गया था, तथा दी गयी राशि का आधा हिस्सा किसी न किसी माध्यम से वापस वसूल लिया गया.


सरकार एवं विभाग के निर्देशों के विपरीत अनुदान राशि नहीं दिये जाने का आरोप

डीइओ से बार-बार जानकारी देने के पश्चात 21 फरवरी 2026 को शिक्षक एवं कर्मियों के बीच राशि का समानुपातिक एवं विधिवत आरटीजीएस के माध्यम से उनके खातों में हस्तांतरण करने का निर्देश जारी किया गया. सरकार एवं विभाग द्वारा दिये गये निर्देशों के विपरीत मनमाने ढंग से कार्य किया.
अनुदान राशि नहीं दिये जाने का लगाया आरोप

इस महिला ने डीएम के ‘जन शिकायत निवारण कोषांग’ में प्राचार्य के खिलाफ शिकायत की थी

अनिता कुमारी ने डीएम के जन शिकायत निवारण कोषांग में शिकायत की है कि एसएमडी कॉलेज, नेचुआ जलालपुर के प्राचार्य द्वारा उन्हें अनुदान की राशि नहीं दी गयी है. डीएमजेडी-4062 को उपलब्ध कराया गया है. डीएम ने डीइओ को आरोप की जांच करते हुए प्रतिवेदन दिनांक 07 मई तक अचूक रूप से उपलब्ध कराना सुनिश्चित करने का आदेश दिया ताकि अग्रेतर कार्रवाई हो सके.
इस संबंध में प्राचार्य का पक्ष जानने के लिए संपर्क करने की कोशिश की गयी, तो उनका फोन स्विच ऑफ मिला है.

एसएमडी कॉलेज की हो रही हाइलेवल जांच : डीइओ


डीइओ योगेश कुमार ने बताया कि एसएमडी कॉलेज में हुई अनुदान राशि में गड़बड़ी की जांच के लिए कमेटी का गठन किया गया है. जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगा कि गड़बड़ी कितने की है. जांच में आरोप सत्य मिला, तो कार्रवाई तय है.

Also Read: रोहतास में अज्ञात वाहन ने बाइक सवार को मारी टक्कर, 3 की हालत नाजुक

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Vivek Singh

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >