गया जी जिले के टनकुप्पा प्रखंड मुख्यालय स्थित सभागार कक्ष में सोमवार को 20 सूत्री क्रियान्वयन समिति की बैठक आयोजित की गयी. बैठक में विभिन्न विभागों की योजनाओं की समीक्षा करते हुए जनसमस्याओं के समाधान को लेकर कई प्रस्ताव पारित किये गये.
बैठक से अनुपस्थित पदाधिकारियों से स्पष्टीकरण पूछने का प्रस्ताव
बैठक में बाल विकास परियोजना पदाधिकारी, शिक्षा पदाधिकारी, कार्यक्रम पदाधिकारी, चिकित्सा पदाधिकारी, प्रखंड सहकारिता पदाधिकारी (बीसीओ) व एलइओ के अनुपस्थित रहने पर सदस्यों ने नाराजगी जतायी. अनुपस्थित पदाधिकारियों से स्पष्टीकरण पूछने का प्रस्ताव लिया गया.
खाद की समय पर आपूर्ति व आंगनबाड़ी सेविकाओं के लाभ की मांग
बैठक में किसानों को उचित मूल्य पर समय पर उर्वरक उपलब्ध कराने का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया. सदस्यों ने कहा कि किसानों को खाद के लिए परेशानी नहीं होनी चाहिए. वहीं आंगनबाड़ी सेविकाओं को सरकार की ओर से मिलने वाले लाभ नहीं मिलने की शिकायत भी रखी गयी. मामले की जांच कर पात्र सेविकाओं को लाभ उपलब्ध कराने की मांग की गयी.
ट्रांसफार्मर क्षमता वृद्धि व पीसीसी सड़क जांच का मुद्दा
दरजीयाचक गांव में प्राथमिक विद्यालय उपलब्ध कराने का प्रस्ताव भी बैठक में रखा गया. देवशरणा मिल्की महादलित टोला में बार-बार ट्रांसफार्मर खराब होने की समस्या को देखते हुए अधिक क्षमता का ट्रांसफार्मर लगाने की मांग की गयी.
सदस्यों ने बताया कि कम क्षमता के ट्रांसफार्मर के कारण ग्रामीणों को लगातार बिजली संकट का सामना करना पड़ रहा है. चोवार गांव में पीसीसी सड़क निर्माण का मामला भी बैठक में उठा.
बताया गया कि पूर्व सांसद हरि मांझी की ओर से पीसीसी निर्माण के लिए आरइओ शेरघाटी के माध्यम से संवेदक को 15 लाख रुपये उपलब्ध कराये गये थे. राशि की निकासी होने के बावजूद अब तक कार्य नहीं कराया गया है. मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग की गयी.
डिग्री कॉलेज, कन्या उच्च विद्यालय व पेयजल सुविधाओं का उठा मामला
इसके अलावा ढीबर गांव में खराब चापाकल की मरम्मत कराने, टनकुप्पा में डिग्री कॉलेज तथा कन्या उच्च विद्यालय खोलने की मांग भी सदस्यों ने रखी. बैठक में जनहित से जुड़े अन्य मुद्दों पर भी चर्चा कर संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के लिए निर्देशित करने का प्रस्ताव लिया गया.
