Gayaji News(प्रमोद कुमार): प्रखंड के जमुआरा कला गांव स्थित श्मशान घाट पर शुक्रवार को उस समय अफरा-तफरी मच गयी जब दाह संस्कार के दौरान भौरों के झुंड ने अचानक हमला बोल दिया. भौरों के डंक से दर्जनों लोग घायल हो गये. स्थिति ऐसी हो गई कि परिजनों को शव छोड़कर जान बचाने के लिए भागना पड़ा. घंटों बाद शव को दूसरे स्थान पर ले जाकर अंतिम संस्कार किया गया.
सिमर के पेड़ में था भौरों छत्ता
जानकारी के अनुसार जमुआरा कला गांव के रहनेवाले 50 वर्षीय श्याम सुंदर ठाकुर की मौत दिल्ली में इलाज के दौरान हो गयी थी. शुक्रवार को उनका शव गांव पहुंचा. इसके बाद परिजन और ग्रामीण शव को गांव के श्मशान घाट पर दाह संस्कार के लिए ले गये. वहां लकड़ी इकट्ठा कर अंतिम संस्कार की प्रक्रिया शुरू की गयी. उसी दौरान श्मशान घाट पर स्थित सिमर के पेड़ में भौरों ने बड़ा छत्ता बना रखा था.
जैसे ही चिता से धुआं उठना शुरू हुआ भौरों का झुंड भड़क उठा और वहां मौजूद लोगों पर टूट पड़ा. अचानक हुए हमले से श्मशान घाट पर भगदड़ मच गयी. लोग इधर-उधर भागने लगे. कई लोग जान बचाने के लिए खेतों की ओर दौड़ पड़े.
शव का दूसरे जगह हुआ अंतिम संस्कार
इस घटना में सरयू ठाकुर, सुजीत कुमार, धनपत ठाकुर, सोनू कुमार, राजू कुमार सहित दर्जनों लोग भौरों के डंक से घायल हो गये. सभी घायलों का इलाज क्षेत्र के निजी अस्पतालों में कराया गया. घटना के बाद काफी देर तक श्मशान घाट पर सन्नाटा पसरा रहा. बाद में ग्रामीणों ने शव को दूसरे स्थान पर ले जाकर अंतिम संस्कार कराया.
