एक वर्ष से पानी की किल्लत का सामना कर रहे स्कूल के बच्चे

सिराजी के ग्रामीणों ने स्कूल नहीं भेजने का लिया निर्णय

सिराजी के ग्रामीणों ने स्कूल नहीं भेजने का लिया निर्णय वजीरगंज. प्रखंड के सहिया पंचायत अंतर्गत सिराजी गांव के ग्रामीणों ने सोमवार को बैठक कर निर्णय लिया कि जबतक विद्यालय में पेयजल की व्यवस्था नहीं हो जाती, तब तक अपने बच्चों को स्कूल नहीं भेजेंगे. ग्रामीण रामलाल मांझी, लिटू मांझी, जामुन मांझी, उमा मांझी, बिरजु मांझी, द्वारिका मांझी इस संबंध में एक आवेदन पत्र लेकर प्रखंड मुख्यालय पहुंचे और बीडीओ प्रभाकर सिंह को समस्या से अवगत कराते हुए आवेदन सुपुर्द किया. ग्रामीण बताते हैं कि गांव में दो सौ घरों की बस्ती है. लगभग एक सौ से अधिक बच्चे मध्य विद्यालय में पढ़ने जाते हैं. यहां नलजल योजना पूरी तरह से फेल है और पांच चापाकल भी एक वर्ष से खराब पड़े हैं. बीडीओ ने उन्हें आश्वासन देते हुए जल्द पेजयल उपलब्ध कराने की बात कही है. बीडीओ प्रभाकर सिंह ने बताया कि पेयजल की गंभीर समस्या के स्थायी समाधान होने तक टैंकर से पेयजल उपलब्ध कराने या खराब चापाकल को अविलंब ठीक करवाने के लिए पीएचइडी को कहा गया है. साथ ही विद्यालय में बोरिंग करवाने संबंधी जांच भी की जायेगी.

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By Roshan Kumar

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