दरभंगा के अलीनगर से एम. ए. सारिम की रिपोर्ट
Darbhanga News: अलीनगर थाना पुलिस ने दहेज हत्या के एक चर्चित मामले में कार्रवाई करते हुए दो नामजद अभियुक्तों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है. गिरफ्तार आरोपितों की पहचान धमसाईन गांव निवासी एजाजुल और मो. सगीर के रूप में हुई है.
विवाहिता की मौत के बाद दर्ज हुआ था मामला
जानकारी के अनुसार, मधुबनी जिले के मधेपुर थाना क्षेत्र के दर्जिया गांव निवासी मो. शमीम ने 12 फरवरी 2026 को अलीनगर थाना में अपनी 25 वर्षीय पुत्री चांदनी की संदिग्ध मौत को लेकर दहेज हत्या की प्राथमिकी दर्ज कराई थी. आवेदन में बताया गया था कि 11 जून 2023 को चांदनी की शादी धमसाईन गांव निवासी मो. नौशाद के साथ हुई थी. शादी में नकद राशि, मोटरसाइकिल और जेवरात समेत अन्य सामान दिए गए थे. विवाह के बाद दिसंबर 2024 में चांदनी ने एक पुत्र को जन्म दिया था.
दो लाख रुपये की मांग का लगाया था आरोप
प्राथमिकी में आरोप लगाया गया था कि शादी के कुछ समय बाद ससुराल पक्ष द्वारा मकान निर्माण के लिए दो लाख रुपये की मांग की जाने लगी. पंचायत के हस्तक्षेप के बाद 50 हजार रुपये दिए गए, लेकिन शेष राशि के लिए चांदनी को लगातार प्रताड़ित किया जाता रहा. आवेदक के अनुसार, 12 फरवरी 2026 को मुंबई में रह रहे उनके पुत्र को सूचना मिली कि चांदनी की मौत हो गई है. परिजन जब धमसाईन पहुंचे तो चांदनी मृत अवस्था में मिली. उन्होंने आशंका जताई थी कि जहर देकर और गला दबाकर उसकी हत्या की गई है.
छह लोगों को बनाया गया था नामजद
मामले में मृतका के पति मो. नौशाद, सास गुलशन खातून, ससुर एजाजुल, मौसी सास बहुरी खातून, मौसा ससुर मो. सगीर और ननद रोशनी को नामजद अभियुक्त बनाया गया था. पुलिस ने बताया कि सास गुलशन खातून की गिरफ्तारी पहले ही हो चुकी है. अब ससुर एजाजुल और मौसा ससुर मो. सगीर को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है.
लंबित मामलों के निष्पादन पर जोर
थानाध्यक्ष रंजीत कुमार शर्मा ने बताया कि मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है. उन्होंने कहा कि लंबित मामलों के निष्पादन को प्राथमिकता दी जा रही है तथा वरीय अधिकारियों के निर्देशों का शत-प्रतिशत पालन करते हुए सभी मामलों का समयबद्ध निष्पादन सुनिश्चित किया जाएगा.
