Darbhanga News: दरभंगा जिले के कमतौल थाना क्षेत्र अंतर्गत माधोपट्टी पंचायत के रघौली गांव में एक दिलदहला देने वाली घटना सामने आई है. यहां गुरुवार की देर रात एक 20 वर्षीय युवती का शव उसके अपने ही कमरे में फंदे से लटका हुआ बरामद किया गया. मृतका की पहचान गंज रघौली निवासी रामाशीष मंडल की पुत्री मेघा कुमारी के रूप में हुई है. घटना के बाद से परिजनों में कोहराम मच गया है और पुलिस मामले की गहन जांच में जुट गई है.
घटना की त्वरित जानकारी सारणी (Quick Info Table)
| घटना का विवरण | मुख्य जानकारी |
|---|---|
| घटना का स्थान | गंज रघौली गांव, माधोपट्टी पंचायत, कमतौल, दरभंगा |
| मृतिका का नाम | मेघा कुमारी (उम्र: 20 वर्ष) |
| पिता का नाम | रामाशीष मंडल |
| घटना का समय | गुरुवार देर रात |
| पेशेवर परिचय | मब्बी स्थित एक वाहन एजेंसी के शोरूम में कार्यरत |
| पुलिस कार्रवाई | शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए DMCH भेजा गया |
6 वर्षीय भांजी की खुली नींद, तो सामने आया खौफनाक मंजर
पोस्टमार्टम परिसर में मौजूद मृतका के मामा जंगली मंडल व बहनोई (रैयाम थाना क्षेत्र के पचाढ़ी निवासी) दीपक कुमार ने घटना के संदर्भ में महत्वपूर्ण जानकारियां साझा की हैं. परिजनों के अनुसार, गुरुवार की रात मेघा अपनी बड़ी बहन की 6 वर्षीय पुत्री अनोखी रानी के साथ कमरे में सोई हुई थी. देर रात जब अचानक बच्ची की नींद खुली, तो उसने देखा कि उसकी मौसी कमरे के एस्बेस्टस में लगे बनेरे से दुपट्टे के सहारे लटकी हुई है.
यह खौफनाक दृश्य देखकर बच्ची बुरी तरह घबरा गई. उसने तुरंत दूसरे कमरे में सो रही अपनी नानी मालती देवी और मां वर्षा कुमारी को जगाकर इसकी जानकारी दी. परिजनों और स्थानीय ग्रामीणों ने बिना वक्त गंवाए घटना की सूचना कमतौल थाना पुलिस को दी.
पुलिस की त्वरित कार्रवाई और जांच
सूचना मिलते ही कमतौल थाना की पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची और शव को फंदे से नीचे उतारा. पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेते हुए चौकीदार राहुल पासवान की तैनाती में पोस्टमार्टम के लिए तत्काल दरभंगा मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (DMCH) भेजा. पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है. हालांकि, आत्महत्या का कारण अभी तक स्पष्ट नहीं हो सका है और पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है.
मब्बी के शोरूम में करती थी काम, कैंसर पीड़ित हैं पिता
- आत्मनिर्भर थी मेघा: मृतका मेघा कुमारी इंटरमीडिएट पास थी और दो बहनों में सबसे छोटी थी. वह पिछले 4-5 महीनों से मब्बी स्थित एक वाहन एजेंसी के शोरूम में काम कर रही थी और प्रतिदिन स्कूटी से अपनी नौकरी पर जाती थी.
- घर लौटे थे पिता: मेघा के पिता रामाशीष मंडल गुड़गांव में रहकर काम करते हैं. वह घर की छत की ढलाई कराने के सिलसिले में कुछ दिन पहले ही गांव लौटे थे.
- गंभीर बीमारी का साया: परिजनों के मुताबिक, रामाशीष मंडल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से भी पीड़ित हैं. घर में निर्माण कार्य के बीच बेटी के इस आत्मघाती कदम से पूरा परिवार गहरे सदमे में है.
