Darbhanga News: दरभंगा नगर निगम क्षेत्र के वार्ड-41 स्थित कचहरी पोखर को बचाने के लिए स्थानीय लोग अब खुलकर सामने आ गए हैं. तालाब बचाओ अभियान के तहत आयोजित बैठक में लोगों ने आरोप लगाया कि पोखर में लगातार कचरा डाला जा रहा है और सौंदर्यीकरण के नाम पर इसके प्राकृतिक स्वरूप को नुकसान पहुंचाया जा रहा है. लोगों ने नगर निगम और जिला प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप कर तालाब को बचाने की मांग की.
तालाब बचाओ अभियान की हुई बैठक
कचहरी पोखर को लेकर आयोजित बैठक की अध्यक्षता डॉ. अमर जी कुमार ने की, जबकि संचालन ओम शंकर ने किया. बैठक में मौजूद लोगों ने कहा कि यह पोखर काफी पुराना है और पहले समाज के सहयोग से इसकी देखभाल होती थी. सरकार के अधीन आने के बाद इसकी नियमित सफाई और संरक्षण पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया गया.
‘कचरा भरने से खत्म हो रहा तालाब’
स्थानीय लोगों का कहना है कि पोखर में लगातार कचरा डाला जा रहा है, जिससे इसका अस्तित्व खतरे में पड़ता जा रहा है. उनका आरोप है कि मछुआ सोसायटी यहां केवल मछली पालन से आर्थिक लाभ ले रही है, जबकि तालाब के संरक्षण और साफ-सफाई की अनदेखी की जा रही है.
छठ पूजा से जुड़ी है लोगों की आस्था
बैठक में लोगों ने बताया कि कचहरी पोखर धार्मिक दृष्टि से भी बेहद महत्वपूर्ण है. इलाके में छठ महापर्व के दौरान श्रद्धालु इसी तालाब में भगवान सूर्य को अर्घ्य देते हैं. इसलिए इसके संरक्षण को केवल पर्यावरण ही नहीं, बल्कि धार्मिक आस्था से भी जोड़कर देखा जाना चाहिए.
‘कंक्रीट से बिगड़ रहा प्राकृतिक स्वरूप’
अजीत कुमार मिश्र ने कहा कि सौंदर्यीकरण के नाम पर तालाब में ईंट और कंक्रीट का इस्तेमाल किया जा रहा है. उनका कहना था कि इससे जल संरक्षण और पर्यावरण दोनों प्रभावित होंगे. उन्होंने मांग की कि तालाब का विकास प्राकृतिक स्वरूप को सुरक्षित रखते हुए किया जाए.
प्रशासन को सौंपा जाएगा मांगपत्र
बैठक में मौजूद लोगों ने सामूहिक रूप से कचहरी पोखर को बचाने का संकल्प लिया. निर्णय लिया गया कि तालाब से जुड़ी समस्याओं और मांगों को नगर निगम एवं जिला प्रशासन के समक्ष रखा जाएगा, ताकि समय रहते संरक्षण और सफाई की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जा सके.
बैठक में मो. तासीम नवाब, राम शंकर झा, डॉ. विजय कुमार सक्सेना, नंद किशोर राय, उमेश पंजियार, संजय महतो, पिंटू पंजियार, नंद किशोर राम, सुनील गोस्वामी, आदर्श राज, संजय शाह समेत कई स्थानीय लोग मौजूद थे.
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