Darbhanga News: समाहरणालय में बुधवार को जिलाधिकारी कौशल कुमार ने पीएचईडी (PHED) के अभियंताओं और संवेदकों के साथ पेयजल आपूर्ति व्यवस्था की समीक्षा बैठक की. डीएम ने दोटूक लहजे में कहा कि जिले में पेयजल संकट उत्पन्न होने पर संबंधित अधिकारियों और अभियंताओं के विरुद्ध सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने कनीय अभियंताओं को सभी लंबित बोरिंग कार्यों को शीघ्र पूरा करने का निर्देश दिया ताकि भीषण गर्मी के मौसम में आम लोगों को स्वच्छ एवं नियमित पेयजल उपलब्ध कराया जा सके.
सार्वजनिक स्थलों पर लगेंगे प्याऊ, जरूरत पड़ने पर टैंकर से होगी जलापूर्ति
डीएम ने बहादुरपुर, बेनीपुर, सिंहवाड़ा, जाले और केवटी प्रखंडों में पेयजल आपूर्ति व्यवस्था पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया है. उन्होंने कहा कि शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर पर्याप्त संख्या में प्याऊ स्थापित किए जाएं. इसके साथ ही जिस क्षेत्र से भी पेयजल संकट की सूचना प्राप्त हो, वहां बिना किसी देरी के तत्काल टैंकर के माध्यम से जलापूर्ति सुनिश्चित कराई जाए. संवेदकों को कार्य में तेजी लाने और अतिरिक्त कार्यबल (लेबर) लगाने का निर्देश दिया गया है.
बिरौल समेत अन्य प्रखंडों के लिए विशेष अनुश्रवण टीम का गठन
पेयजल आपूर्ति में किसी प्रकार की शिकायत या शिथिलता मिलने पर डीएम ने कठोर कार्रवाई की चेतावनी दी है. उन्होंने बिरौल सहित अन्य संवेदनशील प्रखंडों में चल रही योजनाओं के अनुश्रवण (मॉनिटरिंग) के लिए विशेष टीम गठित करने का निर्देश कार्यपालक अभियंता को दिया. पाइपलाइन के माध्यम से जलापूर्ति कार्यों में तेजी लाने और बंद पड़े या खराब चापाकलों की शीघ्र मरम्मत कराने को कहा गया है. सभी योजनाओं को गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध तरीके से पूरा करना अनिवार्य कर दिया गया है.
