Darbhanga News: दरभंगा-बेनीपुर मुख्य मार्ग पर जगह-जगह बने गड्ढे अब राहगीरों के लिए जानलेवा साबित होने लगे हैं. अनुमंडल मुख्यालय की इस मुख्य सड़क की बदहाली ने पथ निर्माण विभाग और स्थानीय प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.
जलजमाव और लगातार हो रहे हादसे
- खतरनाक स्थान: धर्मशाला चौक के निकट और टावर चौक से पश्चिम की ओर बीच सड़क पर कई छोटे-बड़े गड्ढे बन गए हैं.
- हादसों का सबब: इन गड्ढों में गंदा पानी भर जाता है, जिससे सड़क की गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता. इस जलजमाव में फंसकर लगातार मोटरसाइकिल सवार दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं.
प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की अनदेखी
- स्थानीय लोगों में इस बात को लेकर भारी आक्रोश है कि जब अनुमंडल मुख्यालय की मुख्य सड़क महीनों से जर्जर है, तो ग्रामीण क्षेत्रों की सड़कों का हाल क्या होगा.
- वीआईपी मूवमेंट: इस मार्ग से दिनभर में कई बार अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) से लेकर स्थानीय विधायक, अन्य जनप्रतिनिधियों और मंत्रियों तक की गाड़ियां गुजरती हैं. वे भी इन गड्ढों में हिचकोले खाते हुए निकलते हैं, लेकिन किसी की भी निगाह बीच सड़क पर बने इन जानलेवा गड्ढों पर नहीं जाती.
- रोड एंबुलेंस बनी दिखावा: सड़क के रखरखाव के लिए पथ निर्माण विभाग के पास ‘रोड एंबुलेंस’ की सुविधा भी उपलब्ध है, लेकिन विभागीय अभियंताओं की अकर्मण्यता के कारण वह सिर्फ एक दिखावा साबित हो रही है.
पथ निर्माण विभाग का पल्ला झाड़ता जवाब
जब इस बदहाली के संबंध में पथ निर्माण विभाग के कार्यपालक अभियंता शंभू नाथ सिंह से पूछा गया, तो उन्होंने सारा ठीकरा नगर परिषद पर फोड़ दिया:
- नाला निर्माण में खामी: उनका कहना है कि धर्मशाला चौक के पास सड़क टूटने का मुख्य कारण नगर परिषद द्वारा बनाया गया नाला है. नाले का निर्माण सही नहीं होने से पानी का रिसाव होकर सड़क पर आ रहा है, जिससे सड़क बार-बार टूट जाती है.
- नगर परिषद को लिखा पत्र: उन्होंने बताया कि पूर्व में भी इसकी मरम्मत की गई थी. साथ ही नगर परिषद को इसके समाधान के लिए पत्र लिखा गया था, लेकिन नगर परिषद द्वारा इसकी कोई मरम्मत नहीं कराई गई.
- वहीं, आशापुर टावर से पश्चिम दिशा में बने गड्ढों को लेकर भी यही स्थिति बनी हुई है, जिससे आम जनता को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.
