Cyber Crime: मजिस्ट्रेट की कार से करते थे ठगी, मौके पर पहुंची पुलिस तो मचा हड़कंप, 6 गिरफ्तार

Cyber Crime: बिहार के बेगूसराय में साइबर ठगी के गिरोह में शामिल 6 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है. आरोप है कि मजिस्ट्रेट की कार से वे लोग पैसों की ठगी करते थे. आपस में लेन देन को लेकर लड़ाई चल रही थी, तभी मौके पर पुलिस पहुंच गई. पढ़ें पूरी खबर…

Cyber Crime: साइबर ठगी के मामले इन दिनों काफी तेजी से बढ़े हैं. हालांकि, पुलिस लगातार इसके खिलाफ अभियान चलाती है. इसी क्रम में बेगूसराय पुलिस को बड़ी सफलता मिली है. साइबर ठगी में शामिल अंतरराज्यीय गिरोह के छह साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है. मुफस्सिल थाना क्षेत्र के कोरिया के समीप से गिरोह के बदमाशों को गिरफ्तार किया गया है, जिनके पास से 25 एटीएम कार्ड, 9 चेकबुक, 8 मोबाइल, 8 पैन कार्ड, 5 आधार कार्ड, एक वोटर आइडी कार्ड, एक पासबुक और एक कार जब्त की गई है. 

पुलिस को देख भागने लगे अपराधी

मामले को लेकर एसपी मनीष ने बताया कि गुप्त सूचना मिली थी कि कोरिया चौक के पास वासुदेवपुर जाने वाली बांध के पास सड़क पर कुछ साइबर अपराधियों पैसे के लेन-देन और हिसाब किताब को लेकर आपस में झगड़ा कर रहे हैं. साथ ही बताया गया कि मौके पर एक कार लगी हुई है, जिस पर मजिस्ट्रेट लिखा हुआ है. सूचना के आधार पर मुफस्सिल थानाध्यक्ष अरविंद कुमार गौतम, थाना सशस्त्र बल, बेगूसराय जिला आसूचना इकाई (डीआइयू) और चीता बल मौके पर पहुंची. पुलिस को आता देख सफेद रंग की कार से 6 लोगों ने भागने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस की टीम ने सभी को खदेड़कर पकड़ लिया गया. पकड़े गये बदमाश यूपी के प्रयागराज के रहने वाले कुंदन कुमार, स्वप्निल शर्मा, भोजपुर जिले के शाहपुर के रहने वाले सूर्यकांत ओझा, बेगूसराय नगर थाने के महमदपुर का रहने वाला केशव कुमार, वीरपुर का रहने वाला अभिमन्यु कुमार और राजीव रंजन उर्फ राजा को गिरफ्तार किया गया है. 

मौके से एक कार बरामद

एसपी ने आगे बताया कि पुलिस टीम को अपराधियों के पास से एक कार के साथ 9 चेक बुक, 8 मोबाइल, 5 आधार कार्ड, 25 एटीएम कार्ड, 1 पासबुक, 8 पैन कार्ड, 1 वोटर आइ कार्ड समेत अन्य कई कागजात बरामद किये हैं. गिरफ्तार किये गए सभी अपराधियों से पूछताछ जारी है. पुलिस मामले की जांच में जुटी है.

मजिस्ट्रेट के नाम से रजिस्टर्ड है कार

पुलिस के अनुसार, मौके से बरामद महिंद्रा कंपनी की वेरिटो कार UP70CM-6093 प्रयागराज की रहने वाली गीता त्रिपाठी के नाम से रजिस्टर्ड है. गीता त्रिपाठी यूपी सरकार में मजिस्ट्रेट थी. करीब 3 साल पहले उनकी मौत के बाद गीता के रिश्तेदार स्वप्निल कुमार इस कार का प्रयोग कर रहा था.

ALSO READ: Love Affairs: दोस्त की मम्मी से हो गया प्यार, चुपके से मिलने पहुंचा तो घरवालों ने पकड़ा, पीट कर की हत्या

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Aniket Kumar

अनिकेत बीते 4 सालों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं. राजस्थान पत्रिका और न्यूजट्रैक जैसे मीडिया संस्थान के साथ काम करने का अनुभव. एंटरटेनमेंट, हाईपरलोकल और राजनीति की खबरों से अधिक जुड़ाव. वर्तमान में प्रभात खबर की डिजिटल टीम के साथ कार्यरत.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >