Chirag Paswan: खरमास के बाद चिराग पासवान का मिशन बिहार,आभार यात्रा से साधेंगे सियासी समीकरण, राजद में बड़ी टूट के संकेत!
Chirag Paswan: बिहार की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज होने वाली है. चिराग पासवान अब सीधे जनता के बीच उतरने की तैयारी में हैं और साथ ही विपक्ष को लेकर बड़ा सियासी संदेश भी दे दिया है.
Chirag Paswan: केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान खरमास के बाद राज्यभर में ‘आभार यात्रा’ पर निकलेंगे. इस यात्रा के जरिए वह बिहार की जनता का धन्यवाद करेंगे, जिन्होंने एनडीए और पार्टी उम्मीदवारों को समर्थन देकर जीत दिलाई.
पटना स्थित पार्टी कार्यालय में प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने इसकी घोषणा करते हुए कहा कि यह यात्रा कार्यकर्ताओं और समर्थकों के उत्साह को नई ऊर्जा देगी. साथ ही उन्होंने संकेत दिया कि जनवरी के अंत तक पार्टी और संगठन में बड़े बदलाव भी किए जाएंगे.
आभार यात्रा से जनता को देंगे धन्यवाद का संदेश
चिराग पासवान ने कहा कि लोकसभा चुनाव 2024 और विधानसभा चुनाव 2025 में पार्टी को मिले समर्थन के लिए जनता का आभार व्यक्त करना उनका नैतिक दायित्व है. आभार यात्रा के दौरान वे विभिन्न जिलों में जाकर कार्यकर्ताओं और समर्थकों से मिलेंगे और उनकी मेहनत को सम्मान देंगे.
उनका कहना था कि चुनाव में जीत केवल नेताओं की नहीं, बल्कि बूथ स्तर तक काम करने वाले हर कार्यकर्ता की होती है.
संगठन में होगा बड़ा फेरबदल
चिराग ने साफ किया कि जनवरी के अंत तक पार्टी के केंद्रीय और राज्य संगठन में बड़े बदलाव किए जाएंगे. सरकार और पार्टी के बीच बेहतर समन्वय के लिए कई नेताओं को नई जिम्मेदारियां दी जाएंगी.
उन्होंने यह भी कहा कि विधायकों की जवाबदेही सुनिश्चित की जाएगी, ताकि जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरा जा सके. यह बयान संगठन को ज्यादा अनुशासित और सक्रिय बनाने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है.
दही-चूड़ा भोज से एनडीए एकजुटता का संदेश
चिराग पासवान ने बताया कि उन्होंने 15 जनवरी को आयोजित होने वाले दही-चूड़ा भोज के लिए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात कर उन्हें आमंत्रण दिया है. इस भोज में एनडीए के सभी प्रमुख नेताओं को बुलाया गया है। इसे एनडीए की एकजुटता और राजनीतिक समन्वय का प्रतीक माना जा रहा है.
विपक्ष पर तीखा हमला, राजद के भविष्य पर सवाल
चिराग पासवान ने विपक्ष को लेकर बेहद सख्त बयान दिया. उन्होंने कहा कि विपक्ष में असंतोष गहराता जा रहा है और वहां का नेतृत्व निर्णय लेने की स्थिति में नहीं है. तेजस्वी यादव पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि वे हार की जिम्मेदारी लेने को तैयार नहीं हैं और सदन व मीडिया से गायब हैं.
चिराग ने दावा किया कि विपक्ष के कई विधायक उनकी पार्टी और एनडीए के संपर्क में हैं. हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि एनडीए के पास पहले से ही बहुमत है, इसलिए विधायकों को तोड़ने का कोई सवाल नहीं उठता.
आभार यात्रा से बढ़ेगा सियासी तापमान
चिराग पासवान की आभार यात्रा को बिहार की राजनीति में नए सियासी संकेत के रूप में देखा जा रहा है. यह यात्रा जहां एक ओर एनडीए की मजबूती का प्रदर्शन होगी, वहीं दूसरी ओर विपक्ष के लिए नई चुनौती भी बन सकती है. साफ है कि खरमास के बाद बिहार की राजनीति एक बार फिर गरमाने वाली है.
